कोलकाता से आकर छह दिनों से जोया में टिकी हसीन जहां पति से विवाद खत्म करने के लिए कोई दरवाजा-चौखट नहीं छोड़ रही हैं। अपने टूटते घर को बचाने के लिए हसीन जहां मददगारों के साथ ढबारसी पहुंची। जहां कारी अजमत इलाही से मिली। उनके सामने अपना दर्द बयान किया। परिवार बचाने के लिए हसीन ने दुआ की गुजारिश की।
पति क्रिकेटर मोहम्मद शमी से चल रहे विवाद में बात बनती न देख हसीन जहां रविवार को कोलकाता से अपनी ससुराल सहसपुर पहुंची। जहां घर का दरवाजा बंद मिलने पर वह बेटी बेबो और आया के साथ जोया में ठहरी हुई हैं। घर का बंद दरवाजा खुलवाने के लिए कमिश्नर, डीएम, एसपी के दफ्तर पहुंचकर अधिकारियों से गुहार लगाई। लेकिन कानूनी अड़चन के चलते दरवाजा नहीं खुल सका। मंगलवार को तुर्क बिरादरी की पंचायत में पति से सुलह समझौते के लिए गुहार लगाई। वहीं बुधवार की शाम वह अपने मददगारों के साथ ढबारसी कारी अजमत इलाही के आवास पर पहुंची। जहां तीन से चार घंटे रही। उन्होंने अपनी बात उनके सामने रखी। रात का खाना खाने के बाद वह ढबारसी से जोया लौटी। कारी अजमत इलाही ने बताया कि हसीन जहां मिलने ढबारसी आई थी। विवाद खत्म करने के लिए वह शमी से मिलना चाहती हैं। किसी भी हाल में वह परिवार को बचाना चाहती है। इस दौरान हसीन के साथ इमरान, चौधरी नितिन त्यागी, राशिद चौधरी, फुरकान पाशा, अरमान मौजूद रहे।