अमरोहा। हसनपुर स्थित कान्हा गोशाला में गाेवंशीय पशुओं की मौत के मामले में एडीएम वित्त एवं राजस्व की रिपोर्ट में ईओ के साथ-साथ एसडीएम और डिप्टी सीवीओ की लापरवाही सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार घटना के समय डिप्टी सीवीओ एवं प्रभारी पशु चिकित्साधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे और पोस्टमॉर्टम में भी लापरवाही बरती। साथ ही एसडीएम ने मौके पर होने के बावजूद भी इस और कोई ध्यान नहीं दिया।
नगर पालिका द्वारा संचालित हसनपुर की कान्हा गोशाला में सात गोवंशीय पशुओं की मौत ने जिले में खलबली मचा दी थी। गोशाला के निरीक्षण में लापरवाही बरतने पर डीएम की संस्तुति पर अधिशासी अधिकारी पीएन दीक्षित को निलंबित कर दिया गया। अगले ही दिन नगर निकाय के अपर निदेशक एमए अंसारी ने सभी कान्हा गोशालाओं का निरीक्षण किया। डीएम ने फौरी तौर पर मामले की जांच एडीएम वित्त एवं राजस्व सुरेंद्र सिंह को सौंपी थी। जिसमें उन्होंने ईओ के साथ-साथ एसडीएम भगत सिंह एवं प्रभारी पशु चिकित्साधिकारी डिप्टी सीवीओ डॉ. चमन प्रकाश की लापरवाही भी मानी है।
रिपोर्ट के अनुसार गोशाला के निरीक्षण में लापरवाही के साथ ही घटना के दिन भी वह मौके पर नहीं पहुंचे। उन्होंने मृत पशुओं के पोस्टमॉर्टम में भी लापरवाही बरती। वहीं, एसडीएम भगत सिंह ने मौके पर रहते हुए भी जिंदा गोवंश को दबाने की और कोई ध्यान नहीं दिया। जिससे कानून एवं शांति व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न होने के साथ ही शासन एवं प्रशासन की छवि भी धूमिल हुई है। एडीएम की रिपोर्ट के बाद एसडीएम को वहां से हटाकर जिला मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया। जबकि डिप्टी कलेक्टर सुनीता कुमारी को एसडीएम हसनपुर की जिम्मेदारी दी गई है।