मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 1190 मरीज इलाज कराने पहुंचे। इनमें सबसे ज्यादा बुखार के 320 मरीज शामिल थे। अधिकांश मरीजों में डेंगू के लक्षण पाए गए। डॉक्टरों ने डेंगू आशंकित सात मरीजों की जांच कराई। इनमें गजरौला सीएचसी में तैनात इलेक्ट्रीशियन (35), उसकी पत्नी (32), तीन वर्षीय बेटी और 14 वर्षीय भतीजी डेंगू पॉजिटिव पाई गईं। सभी को जिला अस्पताल के डेंगू वार्ड में भर्ती कराया गया है। इससे पहले पूरे परिवार का इलाज जोया रोड स्थित एक अस्पताल में चल रहा था। एक सप्ताह से सभी लोग बुखार से पीड़ित है।
पहले इनकी जांच निजी अस्पताल की लैब में कराई गई, जिसमें डेंगू की पुष्टि हुई। जिसके बाद सरकारी अस्पताल की जांच रिपोर्ट में भी डेंगू की पुष्टि हुई। उधर, मंगलवार को बुखार के सात नए मरीजों को अस्पताल में भर्ती किया गया। जबकि, मलेरिया संकेत 79 मरीजों की जांच कराई गई, सभी की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। फिलहाल जिला अस्पताल की जनरल वार्ड में बुखार के 29 मरीज भर्ती है, जिनका इलाज चल रहा है। जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. चरन सिंह ने बताया कि बदलते मौसम में बुखार के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। लोगों को सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। घर के आसपास पानी जमाना न होने दें। मच्छरों को मारने के लिए कीटनाशक दावों का छिड़काव करते रहें।
अब डेंगू मरीजों की संख्या हुई दस
बुखार के साथ डेंगू का प्रकोप भी जिले में बढ़ने लगा है। सोमवार तक जिले में डेंगू पीड़ितों की संख्या छह थी, लेकिन मंगलवार को एक साथ चार लोग डेंगू संक्रमित मिलने पर यह संख्या 10 हो गई है। जिससे स्वास्थ्य विभाग की भी बेचैनी बढ़ने लगी है। उधर, मलेरिया के भी पांच मरीज अब तक मिल चुके हैं। लगातार बढ़ रही डेंगू व मलेरिया के मरीजों की संख्या को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है।