फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Amroha News: लाठी-डंडों से हमला करने के दोषी को पांच साल की सजा

विज्ञापन
विज्ञापन
अमरोहा। लाठी-डंडे और सरियों से हमला कर युवक को बेहोश करने वाले दोषी को न्यायालय ने पांच साल की सजा सुनाई है। साथ ही बीस हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जबकि मुकदमे में शामिल तीन दोषियों को परिवीक्षाकाल पर छोड़ा गया है। यदि इन दोषियों ने परिवीक्षाकाल समय अवधि में कोई अपराध किया तो उन्हें भी पांच साल की सजा भुगतनी पड़ेगी। फिलहाल सभी दोषी जमानत पर जेल से बाहर थे।
विज्ञापन

मारपीट की ये घटना हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के ढकिया खादर में हुई थी। गांव में किसान रमेश का परिवार रहता है। 22 सितंबर 2016 की दोपहर 12:30 बजे गांव का ही रहने वाला जगपाल अपने मकान के सामने रास्ते पर कब्जा कर अवैध निर्माण कर रहा था। जबकि गांव के लोग इसका विरोध कर रहे थे। तभी जगपाल और उसके परिजनों ने गाली गलौज शुरू कर दी। इस दौरान रमेश के बेटे पुरुषोत्तम ने सभी गांव वालों को गाली देने से मना किया तो जगपाल, डालचंद, प्रदीप उर्फ उमेश और मोनू ने लाठी डंडों और सरियों से पुरुषोत्तम व सोमपाली पर हमला कर दिया। घटना में पुरुषोत्तम बुरी तरह घायल हो गया। किसी तरह ग्रामीणों ने पुरुषोत्तम को बचाया था। इस मामले में पुरुषोत्तम के पिता रमेश की तहरीर पर आरोपी जगपाल, मोनू, प्रदीप उर्फ उमेश और डालचंद के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। फिलहाल सभी जमानत पर जेल से बाहर थे।
इस मुकदमे की सुनवाई जनपद न्यायाधीश जफीर अहमद की अदालत में चल रही थी। अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता महावीर सिंह पैरवी कर रहे थे। शुक्रवार को न्यायालय ने मुकदमे में सुनवाई की और जगपाल को हमला कर बेहोश करने के आरोप में दोषी करार दिया। साथ ही न्यायालय ने जगपाल को पांच साल की सजा सुनाई और 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जबकि मुकदमे में नामजद डालचंद, मोनू और प्रदीप उर्फ उमेश को मारपीट के मामले में दोषी ठहराते हुए परिवीक्षा काल पर छोड़ा है। जिला शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि यदि परिवीक्षाकाल अवधि में इन तीनों दोषियों ने कोई अपराध किया तो उनकी सजा भी पांच साल हो जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें