नोटबंदी के चलते परेशान किसानों के लिए एक अच्छी खबर है। सहकारिता विभाग किसानों की मदद को आगे आया है। विभाग ने गेहूं की बुवाई के लिए किसानों को समितियों से खाद, बीज उधार देने का निर्णय लिया है। किसान उधार लिए खाद, बीज की धनराशि छह माह बाद चुका सकेंगे। वहीं जो किसान बकाएदार घोषित हो चुके हैं। वह समितियों को चेक देकर खाद, बीज प्राप्त कर सकेंगे। विभाग के इस निर्णय से किसानों को राहत मिलेगी।
कालेधन पर अंकुश के लिए केंद्र सरकार ने पांच सौ और एक हजार का नोट बंद कर दिया है। इससे आम आदमी के साथ ही किसान भी परेशान हैं। बैंकों से रकम नहीं मिल रही है। रकम लेने के लिए घंटों बैंकों में लाइन में लगना पड़ता है। किसानों को गेहूं की बुवाई के लिए खाद, बीज का बंदोबस्त करने में भारी परेशानी आ रही है।
ऐसे में सहकारिता विभाग किसानों की मदद को आगे आया है। विभाग ने किसानों को उधार गेहूं का बीज और खाद देने का निर्णय लिया है। किसान सहकारी समितियों से उधार गेहूं का बीज और खाद ले सकेंगे। छह माह बाद समिति को भुगतान कर सकेंगे।