प्रसव के बाद महिला की मौत होने पर ग्रामीणों का गुस्सा फुट पड़ा। आक्रोशित ग्रामीण परिजनों के साथ रविवार की रात रहरा सीएचसी पर जमकर हंगामा किया। ग्रामीणों का गुस्सा देखकर डाक्टर और स्टाफ अस्पताल छोड़कर भाग निकले। पुलिस कर्मियों के समझाने और डाक्टरों के पैनल से वीडियोग्राफी के साथ पोस्टमार्टम कराने के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए। वहीं, प्रसव में लापरवाही का आरोप लगाते हुए परिजनों ने सीएचसी स्टाफ के खिलाफ तहरीर दी है।
आमदपुर थानाक्षेत्र के गांव साथलपुर की चक वाली मढ़ैया निवासी मधु (28) पत्नी सुभाष को रविवार शाम प्रसव पीड़ा हुई। जिस पर परिजन उसे रहरा सीएचसी लेकर पहुंचे। जहां मधु ने एक बच्ची को जन्म दिया। मधु का यह तीसरा बच्चा था। आरोप है कि प्रसव के बाद डाक्टरों ने उसे अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया। जबकि उसकी हालत गंभीर थी। परिजन अभी उसे लेकर घर भी नहीं पहुंचे कि रास्ते में उसकी मौत हो गई। मौत की खबर गांव पहुंचने पर ग्रामीण ट्रैक्टर ट्राली में भरकर मौके पर पहुंच गए। इसके बाद ग्रामीणों के साथ परिजन रहरा सीएचसी पहुंच गए। जहां डाक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया।
हंगामे की सूचना पर पुलिस भी अस्पताल पहुंच गई। वहीं, ग्रामीणों का बढ़ता गुस्सा देखकर डाक्टर और स्टाफ अस्पताल छोड़कर भाग गए। करीब एक बजे तक सीएचसी में हंगामा चलता रहा। वीडियोग्राफी के साथ डाक्टरों के पैनल से शव का पोस्टमार्टम कराए जाने के आश्वासन के बाद ग्रामीण शांत हुए।