विवाहिता के हत्यारोपी ससुराल वालों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर मायके पक्ष के लोगों ने एसपी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। देहात पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए हिरासत में लिए गए आरोपी को छोड़ने का आरोप लगाया। जल्दी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने पर परिजनों ने कलक्ट्रेट में धरना देने की चेतावनी दी है
बंबूगढ़ निवासी संगीता की शादी अंबरपुर उर्फ उमरपुर निवासी सुखवीर सिंह के साथ हुई थी। शादी के बाद से ही ससुराल वाले संगीता को दहेज के लिए प्रताड़ित करते थे। दहेज में दो लाख रुपये और बाइक की मांग करते थे। विरोध करने पर पति व अन्य ससुराल वाले संगीता का उत्पीड़न करते थे।
11 जुलाई को अचानक संगीत की तबियत बिगड़ गई थी। लिहाजा ससुराल वालों ने उसे जोया रोड स्थित अस्पताल में भर्ती कराया था। इसकी सूचना ससुराल वालों ने संगीता के मायके वालों को दी। तेरह जुलाई को अस्पताल में संगीता की मौत हो गई थी। मायके वालों ने जहर देकर हत्या करने का आरोप लगाया था। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया था। लेकिन रिपोर्ट रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ था। लिहाजा डॉक्टरों ने विसरा सुरक्षित किया था।
संगीता के भाई कुलदीप की तहरीर पर पति सुखवीर सिंह, सास रामकली, जेठ कुलवंत, जेठानी आशा, ननद सोनी, पुसिया व रेखा के खिलाफ दहेज उत्पीड़न और हत्या की रिपोर्ट दर्ज की थी। उस की ननद सोनी पुलिस में कांस्टेबल है। वर्तमान में उसकी तैनाती रायबरेली जनपद में है। चार दिन बाद भी हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी। लिहाजा शनिवार को तमाम लोग एकत्र होकर एसपी कार्यालय पहुंचे। यहां आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। देहात पुलिस पर आरोपियों के साथ मिली भगत का आरोप लगाया। एसपी आदित्य लांग्हे को पत्र सौंपकर जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। इस दौरान कुलदीप, राजेंद्र सिंह, ओमपाल, मुकेश, कल्लू, कांति, वीरवती, मुरारी लाल, संतोष व दिनेश आदि मौजूद रहे।