नौगांवा सादात (अमरोहा)। गुरुवार की सुबह सूखी लकड़ी लेने जंगल गए मजदूर का शव शुक्रवार की सुबह आम के बाग में पड़ा मिला। उसके चेहरे और शरीर पर चोटों के निशान थे। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम को भेज दिया है। परिजनों ने अज्ञात में हत्या की तहरीर दे दी है।
घटना नौगांवा सादात थानाक्षेत्र के बिजरा गांव की है। यहां किशोरी सिंह का परिवार रहता है। उनका बड़ा बेटा बाबूराम (35) राजमिस्त्री के यहां रोजमर्रा की मजदूरी करता था। उसके परिवार में पत्नी विनीता के अलावा तीन बेटी हैं। परिजनों के मुताबिक बाबूराम गुरुवार की सुबह करीब आठ बजे सूखी लकड़ी लेने के लिए जंगल गया था। दोपहर एक बजे तक वह घर नहीं पहुंचा तो परिजनों को चिंता हुई। उन्होंने उसकी तलाश शुरू कर दी। देर शाम परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। चौबीस घंटे तक परिजन उसकी तलाश करते रहे लेकिन कोई कामयाबी नहीं मिली। शुक्रवार की सुबह करीब आठ बजे श्रीराम किसान इंटर कॉलेज बादशाहपुर के जंगल में उसका शव मिला। जहां मजदूर का मुंह जमीन में धंसे हुआ था। चेहरे और शरीर पर चोट के निशान थे। सूचना मिलते ही पुलिस और परिजन मौके पर पहुंच गए। यहां पिता किशोरी सिंह और अन्य परिजनों ने हत्या की आशंका जताई। पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। इंस्पेक्टर अजय कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।