हसनपुर। अल्ट्रासाउंड सेंटर पर कार्रवाई से खफा होकर सीएमओ से भिड़ने वाले भाजपा नेता पिंटू भाटी बुरी तरह से फंस गए हैं। उन पर सरकारी कार्य में बाधा डालने, सीएमओ को जान से मारने की धमकी देने व झूठे मुकदमें में फंसाने का भी आरोप है। मामले में भाजपा नेता समेत तीन को नामजद करते हुए 23 के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
शनिवार को सीएमओ डा.सत्यपाल सिंह टीम के साथ रहरा अड्डा पर गंगा अल्ट्रासाउंड सेंटर पर कार्रवाई करते हुए सेंटर को सील कर दिया था। इस दौरान भाजपा नेता व जिला पंचायत सदस्य पति के पिंटू भाटी ने सीएमओ का रास्ता रोककर नोकझोंक की थी। सील हो चुके सेंटर को खुलवाने का प्रयास किया था और अवैध रूप से चल रहे अन्य अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर कार्रवाई की मांग की थी।
इस दौरान जमकर हंगामा हुआ था। इसकी वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी। रविवार को सीएमओ ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि 23 अप्रैल को एसीएमओ डाॅ. सुशील कुमार पीसीपीएनडीटी अधिकारी ने गंगा अल्ट्रासाउंड सेंटर पर औचक निरीक्षण किया था। केंद्र पर 16 मरीजों का अल्ट्रासाउंड होना पाया गया था। मौके पर अधिकृत चिकित्सक उपस्थित नहीं मिला था। मौके पर धर्मेंद्र कुमार, पिंटू भाटी एवं अन्य कई व्यक्तियों द्वारा अल्ट्रासाउंड मशीन सील नहीं करने दिया गया था।
इस पर सेंटर संचालक को नोटिस जारी किया गया था। नोटिस का कोई जबाव नहीं दिया गया। इसी को लेकर शनिवार को अल्ट्रासाउंड सेंटर पर औचक निरीक्षण किया। केंद्र पर बुशरा नाम की लड़की गर्भवती महिलाओं के अल्ट्रासाउंड करती हुई मिली। उसके द्वारा 22 अल्ट्रासाउंड किए गए थे। जबकि कोई अधिकृत चिकित्सक मौके पर नहीं मिला।
इसको लेकर केंद्र पर ताला बंद कर दिया। वहां से दूसरे अल्ट्रासाउंड केंद्र पर जाते समय रास्ते में पिंटू भाटी ने 15-20 अज्ञात लोगों की भीड़ के साथ रोक लिया। आरोप है कि सीएमओ की कार को घेर लिया और उनकी कार को टक्कर मारने का प्रयास किया। आरोप है कि सीएमओ को जबरदस्ती कार से उतार लिया ओर हाथापाई की गई।
सरकारी वाहन को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया, अपनी जान देने व सीएमओ की जान लेने की धमकी दी। प्रभारी निरीक्षक वरूण कुमार ने बताया कि सीएमओ की तहरीर पर धर्मेन्द्र सिंह, पिंटू भाटी, बुशरा व 15-20 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।