भारत जोड़ो न्याय यात्रा का अमरोहा में जोरदार स्वागत किया गया। इसमें शामिल होने के लिए बसपा से निलंबित अमरोहा सांसद दानिश अली ने पूरी तैयारी की थी। इसका नजारा भी यात्रा के दौरान देखने को मिला। वह पूरे समय राहुल गांधी की गाड़ी में मौजूद रहे। इस बीच किसी तरह की घोषणा नहीं की गई।
जिस अंदाज से वह गाड़ी में सवार थे उससे जाहिर हो रहा था कि वह जल्द ही कांग्रेस में शामिल होने के साथ अपनी दावेदारी को मजबूती देंगे। शनिवार को यात्रा मुरादाबाद से शुरू होकर अमरोहा के पायंती कला पहुंची। यहां यात्रा में शामिल होने के लिए कार्यकर्ताओं की भीड़ उमड़ी।
इस बीच अचानक कुछ लोगों ने सांसद दानिश अली का विरोध करना शुरू कर दिया। उन्होंने राहुल तुमसे प्यार, दानिश पांच साल से फरार लिखे स्लोगन के बैनर लहराए दिए। इससे कार्यकर्ताओं में हड़कंप मच गया। आनन-फानन सभी को पीछे की तरफ धकेला गया। इससे पहले मुरादाबाद पहुंचे राहुल गांधी ने पीएम मोदी, अदाणी-अंबानी और अमित शाह पर निशाना साधा।
कहा कि एक ध्यान भटकाता है, दूसरा जेब काटता है और तीसरा डंडा दिखाता है। भाजपा का यही सिस्टम है। देशभक्त देश को तोड़ने नहीं जोड़ने का काम करते हैं। राहुल ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं कि सबका हिंदुस्तान है, लेकिन इसमें 90 प्रतिशत वालों की कोई भागीदारी नहीं मिलती है।
देश में पिछड़ों की आबादी 50 प्रतिशत, माइनॉरिटी की 15 प्रतिशत , दलित की 15 प्रतिशत और आदिवासी की आठ प्रतिशत है। यदि सबसे बड़ी कंपनियों की सूची निकाली जाए तो 90 प्रतिशत वालों का मालिक में एक भी नाम नहीं मिलेगा। सवाल यह है कि 90 प्रतिशत वाले कहां हैं। यदि मनरेगा की सूची निकाली जाए तो वहां 90 प्रतिशत वालों के नाम मिलेंगे।
उन्होंने अपनी पार्टी के घोषणा पत्र में लिखा है कि यदि भागीदारी चाहिए तो उसके लिए वहीं किया जाना चाहिए, जैसे हाथ टूटने पर सबसे पहले एक्स रे किया जाता है। भागीदारी के लिए जातीय जनगणना जरूरी है। इसके बाद पता चलेगा कि 90 प्रतिशत वाले कहां हैं। उनके पास हिंदुस्तान का कितना धन है।