भारतीय किसान यूनियन शंकर गुट ने सोमवार को कलक्ट्रेट में राष्ट्रीय अध्यक्ष दिवाकर सिंह के नेतृत्व में धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक भ्रष्टाचार के चलते जनता को सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जिले की प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक शाखाओं द्वारा क्रेडिट कार्ड पर अन्य बैंकों के मुकाबले ज्यादा ब्याज वसूल किया जा रहा है। नया केसीसी बनवाने पर प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, जीवन बीमा करने के साथ साथ प्राइवेट बीमा को भी अनिवार्य करके करोड़ों रुपये अवैध तरीके से वसूले किए जा रहे हैं। जो गलत है। कृषि फसलों में उपयोग होने वाले रसायन-उर्वरकों पर एमआरपी अधिक लिखी होने से किसानों से ज्यादा रकम वसूल की जाती है। इसकी बिक्री करने वालों की दुकानों के लाइसेंस को निरस्त करने की मांग भी रखी।
उन्होंने गन्ने का मूल्य 450 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करने की मांग रखी। वहीं, जिन शुगर मिलों द्वारा किसानों के गन्ना मूल्य का पूरा भुगतान नहीं किया है, उसके केंद्रों का आवंटन दूसरे शुगर मिलाें को करने की मांग की। इसके साथ ही उन्होंने नेशनल हाईवे के अवैध कटों को बंद करने और तिगरी से ब्रजघाट तक गंगा रिवर फ्रंट बनाए जाने की मांग की। मांग की कि छुट्टा पशुओं से निजात दिलाई जाए व डिडौली में 132 केवीए विद्युत स्टेशन की स्थापना हो। इस दौरान चौधरी धर्मवीर सिंह, सत्यपाल सिंह अधाना, सिमरनजीत सिंह, राजवीर सिंह गुर्जर, सतवीर सिंह, नेमपाल सिंह, हरि सिंह प्रधान, रवि चौधरी, पूनम, बबिता, अमित चौधरी आदि किसान शामिल रहे।