शनिवार की रात प्रीति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उसका शव घर में ही फंदे पर लटकता मिला। सूचना मिलते ही विवाहिता के मायके वाले मौके पर पहुंच गए। उन्होंने दहेज के लिए फांसी पर लटका कर हत्या करने का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और जांच पड़ताल की। बाद में शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
सीओ सिटी विजय कुमार राणा ने बताया कि विवाहिता के पिता की तहरीर पर पति लोकेश, ससुर झब्बू, सास विमला, देवर मुनेश, जेठ राजू, हरीश, दिनेश और ननद उषा के खिलाफ संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
तीन डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम कराने की मांग
विवाहिता के पिता राजाराम सिंह ने डीएम को पत्र सौंपकर तीन डॉक्टरों के पैनल से विवाहिता का पोस्टमार्टम कराने की मांग की। आरोप लगाया कि दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर ससुराल वालों ने प्रीति की हत्या कर दी। उन्होंने कहा कि प्रीति के ससुराल वाले राजनीतिक रूप से प्रभावशाली हैं। इसलिए पूरी आशंका है कि वह लोग पोस्टमार्टम में कुछ हेराफेरी करा सकते हैं।