गांव चौबारा निवासी आकाश कुमार की हत्या में रिपोर्ट दर्ज और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर हंगामा किया। पोस्टमार्टम के बाद शव बदायूं-बिल्सी मार्ग पर रखकर जाम लगा दिया और करीब डेढ़ घंटे तक सड़क पर बैठे रहे। पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की।
पुलिस द्वारा हत्यारोपियों के खिलाफ एफआईआर बताकर भीड़ को संतुष्ट करने के लिए दिखाई जा रही तहरीर की कॉपी छीनकर फाड़ दी। हालांकि, चार हत्यारोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज किए जाने के बाद लोग शांत हुए और जाम खोला।
इस दौरान वाहनों की दोनों तरफ लाइन लग गई। गजरौला थानाक्षेत्र के गांव चौबारा निवासी आकाश कुमार (25) का शव बृहस्पतिवार शाम करीब पांच बजे गांव से 500 मीटर दूरी पर नहर के पास खेत में मिला था। खेत चकरोड किनारे है।
उसके माथे पर किसी नुकीली वस्तु से प्रहार किया गया था। आकाश के परिजनों ने चार युवकों पर उसकी हत्या कर फेंके जाने का आरोप लगाया था। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद परिजन शव को साथ ले गए। वहीं, दोपहर करीब 3:30 बजे परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मिलकर थाने के सामने बदायूं-बिल्सी राज्यमार्ग पर शव रखकर जाम लगा दिया।
नारेबाजी कर आकाश के हत्यारोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज किए जाने और उनकी गिरफ्तारी की मांग उठाई। लोगों ने पुलिस पर आरोपियों से हमसाज होने का आरोप लगाया। हंगामा कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की।
इस दौरान पुलिस ने मृतक के ही समाज के मुजफ्फरनगर निवासी एक नागरिक समेत कई लोगों को भीड़ को समझाने भेजा। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई का आश्वासन देते हुए भीड़ को समझाने और जाम खुलवाने की कोशिश की लेकिन लोग आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे।
सूचना पाकर सीओ अंजलि कटारिया पुलिस के साथ आकाश के परिजनों के बीच पहुंचीं। उन्होंने जाम लगा रही भीड़ को समझाने की कोशिश की। मुजफ्फरनगर के नागरिक को पुलिस ने अपनी मोहर लगी तहरीर की कॉपी दी जिसे उन्होंने भीड़ को दिखाया कि पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
हालांकि, आक्रोशित भीड़ ने उस तहरीर की कॉपी को छीन लिया और फाड़ दिया। इसके बाद पुलिस ने मृतक के पिता जसवंत की तहरीर पर सलारपुर निवासी अमन और लक्की, अटारी मुरीदपुर के पंचम व नगर के बुध बाजार मोहल्ला निवासी जतिन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की।
हत्यारोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया। जिस पर शाम को करीब 4.50 बजे भीड़ थाने के सामने से हटी और जाम खुल सका।