अमर उजाला ब्यूरो
गजरौला। नगर के हाईवे स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में ऑपरेशन के बाद महिला की हालत बिगड़ने पर मेरठ रेफर कर दिया गया। यहां उपचार के दौरान महिला की मौत हो गई। परिजनों ने डाक्टर पर लापरवाही से ऑपरेशन करने का आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। इसके बाद परिजन शव थाने लेकर पहुंचे और डाक्टर पर कार्रवाई की मांग की। हालांकि बाद में बिना कार्रवाई के ही परिजन शव अपने साथ ले गए।
बिजनौर के चांदपुर थाना क्षेत्र के गांव अजदेव खानुपर निवासी परम सिंह की पैंतालीस वर्षीय पत्नी बोबी को पित की थैली में पथरी की परेशानी थी। कई माह से बीमार चल रही थी। बोबी का मायका गजरौला के मोहल्ला अंबेडकर नगर का था। वह एक माह पहले अपने मायके आई थी। भाई नरेश ने बोबी को हाईवे स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां दस जुलाई को उसका ऑपरेशन हुआ था। लेकिन ऑपरेशन के बाद बोबी की हालत बिगड़ गई। 11 जुलाई को उसे मेरठ रेफर किया गया था। वहां कई दिन तक उपचार चलता रहा, लेकिन तबीयत में सुधार नहीं हुआ। रविवार को बोबी ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। वहां डाक्टरों द्वारा बताया गया कि ऑपरेशन गलत तरीके से हुआ था, जिसकी वजह से मौत हुई। इसके बाद गुस्साए परिजनों ने गजरौला पहुंचकर अस्पताल के बाहर हंगामा किया, यहां किसी ने नहीं सुनी तो शव लेकर थाना गेट पर पहुंच गए और लापरवाही से ऑपरेशन करने का आरोप लगाते हुए डाक्टर पर कार्रवाई की मांग की गई। हालांकि बाद में बिना कार्रवाई के ही परिजन शव लेकर घर चले गए। थानाध्यक्ष अशोक सोलंकी ने बताया कि परिजन बिना कार्रवाई के ही शव वापस ले गए। डाक्टर के खिलाफ कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलते ही कार्रवाई की जाएगी।