तिलोई। मोहनगंज के पूरे पहलवान मजरे अहुरी निवासी शहंशाह (21) की शनिवार को जायस रजबाहा में डूबने से मौत हो गई। ग्रामीणों और पुलिस की मदद से उसे देर शाम बाहर निकालकर अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने वहां उसे मृत घोषित कर दिया, जिससे परिवार में मातम पसर गया।
शहंशाह की मां फातिमा ने बताया कि उनका परिवार वर्तमान में ओदारी गांव में रहता है। शनिवार दोपहर शहंशाह दवा लेने के लिए साथियों के साथ जायस जाने की बात कहकर घर से निकला था। वह रास्ते में अपने पैतृक गांव पूरे पहलवान मजरे अहुरी पहुंच गया। वहां वह कुछ युवकों के साथ रजबाहा पर नहाने चला गया। साथियों के अनुसार, शहंशाह पुलिया पर बैठा था जबकि अन्य युवक मोबाइल पर खेल रहे थे।
इसी दौरान वह अचानक रजबाहा में कूद गया और गहरे पानी में डूबने लगा। उसे बचाने के प्रयास किए गए और शोर मचाया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से कई घंटे तक तलाश अभियान चलाया। देर शाम शहंशाह को रजबाहा से बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित किया। मोहनगंज के प्रभारी निरीक्षक राकेश सिंह ने बताया कि युवक की मौत रजबाहा में डूबने से हुई है। परिजनों ने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है और मामले में आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
मौत की खबर सुनते ही बिलख उठा परिवार
शहंशाह की मौत की खबर घर पहुंचते ही मां फातिमा का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। बहन शाहीन, रोजी और चंदा की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो उठा। सबसे छोटा भाई कैश भी बड़े भाई को याद कर फफक पड़ा। रिश्तेदार और ग्रामीण परिजनों को ढाढ़स बंधाने में जुटे रहे। शहंशाह अहमदाबाद में मजदूरी करता था और करीब तीन माह पहले ही घर लौटा था। उसकी असमय मौत से पूरे परिवार के सामने गहरा दुख छा गया।