पीठीपुर में देवी भागवत कथा सुनते श्रद्धालु। स्रोत आयोजक
अमेठी। मां भगवती की उपासना से मानव जीवन से रोग, शोक और दरिद्रता दूर होती है। देवी भक्ति से घर-परिवार में सुख और समृद्धि आती है। भक्ति का मार्ग जीवन को सही दिशा देता है। यह विचार पीठीपुर में आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद् देवी भागवत महापुराण कथा के छठे दिन शुक्रवार को प्रवाचक आचार्य नंदकिशोर पांडेय महाराज ने व्यक्त किए।
प्रवाचक ने देवी चरित्र के विभिन्न प्रसंगों का वर्णन करते हुए कहा कि मां दुर्गा अपने भक्तों की सच्ची संरक्षिका हैं। सच्चे मन से की गई आराधना से भय और चिंता दूर होती है। देवी भागवत पुराण में वर्णित कथाएं संयम, करुणा और परोपकार का संदेश देती हैं जो मानव जीवन को बेहतर बनाती हैं।
प्रवाचक ने कहा कि देवी भक्ति से सेवा, त्याग और सदाचार के भाव जागृत होते हैं। जब व्यक्ति भक्ति को जीवन का हिस्सा बनाता है, तब उसके व्यवहार और सोच में सकारात्मक बदलाव दिखाई देता है। इस अवसर पर विवेक मिश्र, सुनील तिवारी, मोहित तिवारी, शुभम शुक्ल, बबलू मिश्र, निखिल मिश्र, अजय तिवारी, दीपक शुक्ल, आशीष तिवारी, आदित्य मिश्र, रोहित तिवारी, अनुराग मिश्र आदि मौजूद रहे।