अमेठी सिटी। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में कुछ महिलाएं इन्हौना पुलिस पर मारपीट व जबरन पकड़ लेने सहित कई गंभीर रूप लगाए हैं। हालांकि, पुलिस आरोपों को गलत बता रही है।
इन्हौना थाने के किरसनगंज मजरे शेखनगांव की रहने वाली महिलाओं का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में महिलाओं ने पुलिस पर पीटने व गाड़ी में जबरन बैठाने का आरोप लगाया है। महिलाओं ने पिटाई से एक बच्चे के चोटिल होने की भी बात कह रही हैं। हालांकि वायरल वीडियो की अमर उजाला पुष्टि नहीं करता।
एसओ अमरेंद्र सिंह ने बताया कि वारिश और साबिर के बीच काफी दिनों से भूमि विवाद चल रहा है। जिसके बाद राजस्व टीम ने पैमाइश का स्पाट मेमो तैयार कर वारिस को कब्जा दिलाया। कब्जा मिलने के बाद 13 अगस्त को वारिस ने दीवार बनाई। दूसरे पक्ष ने दीवार तोड़ दी, जिसका केस दर्ज हुआ। केस की जांच हो रही थी कि 15 अगस्त को महिला दोबारा ईंट निकाल कर दीवार गिराने की कोशिश करने लगी।
महिला फोर्स सहित मौके पर पहुंची और समझाने की कोशिश की, लेकिन जब महिलाएं विवाद करने से नहीं मानीं तो शायरा बानो उर्फ सन्नों, नजमा बानो व ताहिरून निशा के खिलाफ पाबंदी की कार्रवाई की गई है। अन्य सभी आरोप निराधार है।