अमेठी। स्थानीय तहसील क्षेत्र के छह गांवों में लंबे समय से बंद पड़ी पानी की टंकियों से जल्द जलापूर्ति शुरू होगी। इन टंकियों से जलापूर्ति हो सके इसके लिए पिछले दिनों शासन से स्वीकृत 2.3 करोड़ रुपये की लागत से सभी कमियों को ठीक कराया जा रहा है। करीब 50 फीसद कार्य पूरा भी कर लिया गया है।
ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए पानी की टंकियां बनवाई गई हैं। कभी ग्रामीणों को शुद्ध जल उपलब्ध कराने मेें सफल रहीं यह टंकियां अरसा पूर्व से तकनीकी व अन्य कमियों की वजह से बंद पड़ी हैं। बंद पड़ी टंकियों में भगनपुर, रतापुर, भोजपुर, नगरडीह, कंसापुर और कोरारी लच्छन शाह में स्थापित टंकियां शामिल हैं।
कंसापुर, रतापुर और भोजपुर की टंकियां बीते तीन वर्षों से बंद पड़ी थीं तो भगनपुर, नगरडीह और कोरारी लच्छन शाह की पानी की टंकियां करीब पांच-छह वर्षों से बंद हैं। स्थानीय विधायक गरिमा सिंह के प्रयास से शासन ने पिछले दिनों इन टंकियों के पुनरुद्धार के लिए 2.3 करोड़ रुपये का बजट जल निगम को उपलब्ध कराया था।
बजट मिलने के बाद जल निगम बंद पड़ी सभी पानी की टंकियों को जल जीवन मिशन योजना के तहत दोबारा संचालित करने की कवायद में जुटा है। आवंटित राशि से टंकियों की मरम्मत व मोटर क्षमता को बढ़ाते हुए खराबी की स्थिति में नए मोटर लगवाए जा रहे हैं।
साथ ही पंप हाउस की मरम्मत, ग्राम पंचायतों के सभी पुरवों में करीब पांच किलोमीटर नई पाइप लाइन बिछाने एवं पुरानी पाइप लाइन को बदलने का कार्य भी प्रगति पर है। पाइप लाइन का विस्तार होने के बाद हर घर नल से जल योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायतों के समस्त पुरवों को गृह संयोजन से आच्छादित किया जाएगा।
जल्द पूूरा होगा काम
टंकियों से जलापूर्ति का काम करीब एक माह में शुरू हो जाएगा। टंकी का संचालन शुरू होने पर उक्त गांव में स्थित प्राथमिक विद्यालय आंगनबाड़ी केंद्र और पंचायत भवन को भी हर घर नल से जल योजना से जोड़ा जाएगा। - नीरज प्रजापति, अवर अभियंता