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अविवि : कर्मचारियों को सहायक केंद्राध्यक्ष बनाकर कराई जा रहीं परीक्षाएं

Sun, 02 Jun 2024 02:39 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
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अयोध्या। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में कराई जा रहीं परीक्षाएं कर्मचारियों के सहारे हो रही हैं। इस बात का खुलासा अवध विश्वविद्यालय अनुदानित महाविद्यालय स्ववित्तपोषित अनुमोदित शिक्षक संघ के महामंत्री डॉ. जितेंद्र त्रिपाठी ने किया। मामले मं एक जनहित याचिका भी हाईकोर्ट में दायर कर दी गई है। ऐसे में चर्चा है कि विश्वविद्यालय प्रशासन की मनमानी अब उनपर भारी पड़ सकती है। परीक्षाएं कराने की जल्दबाजी में कई नियमों का उल्लंघन किया गया है।
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अवध विश्वविद्यालय अनुदानित महाविद्यालय स्ववित्तपोषित अनुमोदित शिक्षक संघ के महामंत्री ने बताया कि विश्वविद्यालय से संबद्ध अंबेडकरनगर, सुल्तानपुर, बाराबंकी, अमेठी, गोंडा व बहराइच के महाविद्यालयों से प्राप्त सूचना के अनुसार बिना शिक्षकों के ही तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को सहायक केंद्राध्यक्ष व कक्ष परिप्रेक्षक के रूप में नियुक्त कर परीक्षा कराने ढिंढोरा पीटा जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर जब अवध विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों के शिक्षकों की ओर से परीक्षा बहिष्कार निरंतर जारी है तो फिर परीक्षा में ड्यृूटी कौन कर रहा है। तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को सहायक केंद्राध्यक्ष व कक्ष परिप्रेक्षक बनाए जाने का नियम नहीं है।
अवध विश्वविद्यालय प्रशासन की मनमानी के विरुद्ध लाल बहादुर शास्त्री पीजी कॉलेज गोंडा के प्रो. शैलेंद्र नाथ मिश्रा व साकेत महाविद्यालय के डॉ. जनमेजय तिवारी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका भी दाखिल की है। बताया जा रहा है कि परीक्षा परीक्षाएं 30 अप्रैल तक हो जानी चाहिए थी, लेकिन विवि प्रशासन ने नियमों को दरकिनार कर 31 मई से परीक्षा शुरू कराई है।
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कुलाधिपति से हस्तक्षेप की मांग
उत्तर प्रदेश विश्वविद्यालय महाविद्यालय शिक्षक महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष प्रो. बीरेंद्र सिंह चौहान व महामंत्री प्रो. प्रदीप कुमार सिंह ने अवध विश्वविद्यालय में महामहिम राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग की है। उन्होंने राज्यपाल को पत्र लिखकर विवि प्रशासन की ओर से लिए जा रहे नियम विरुद्ध निर्णयों की जानकारी दी है। पत्र में कुलपति और शिक्षकों के बीच सामंजस्य न होने की बात भी कही गई है। साथ ही परीक्षाओं को लेकर भी चर्चा की है।
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