गौरीगंज (अमेठी)। स्थानीय थाना क्षेत्र से गुजरने वाले टांडा-बांदा राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित पैंगा मोड़ के पास गुरुवार शाम अनियंत्रित लग्जरी वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी। दुर्घटना में बाइक सवार दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को जिला अस्पताल पहुंचाया जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। युवकों की मौत के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर वैधानिक कार्यवाही शुरू कर दी है। एक ही गांव के दो युवकों की एक साथ हुई मौत से क्षेत्र में मातम पसरा है।
गौरीगंज थानाक्षेत्र के नरौली गांव निवासी सोनू (30) दिल्ली में रहता था। बहन से राखी बंधवाने के लिए गुरुवार को वह गौरीगंज पहुंचा। गौरीगंज से घर जाने के लिए सोनू ने अपने परिवार के ही रिश्ते में भाई भागीरथ (25) को बाइक लेकर गौरीगंज आने को कहा। दोनों पूरी तैयारी के साथ रक्षाबंधन मनाने घर जा रहे थे। रास्ते में टांडा-बांदा राष्ट्रीय राजमार्ग पर पैंगा मोड के पास पहुंचे ही थे कि सामने से आ रहे तेज रफ्तार अनियंत्रित लग्जरी वाहन ने उनकी बाइक को ठोकर मार दी।
टक्कर के बाद लग्जरी वाहन में सवार लोग अपने पीछे आ रहे दूसरे वाहन में बैठकर मौके भाग से निकले। दुर्घटना के बाद मौके पर पहुंचे लोगों ने मामले की सूचना पुलिस व एंबुलेंस सेवा को दी। सूचना के बाद मौके पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक अंगद प्रताप सिंह ने सरकारी वाहन से दोनों घायलों को संयुक्त जिला चिकित्सालय पहुंचाया जहां दोनों युवकों को मृत घोषित कर दिया गया। युवक की मौत के बाद पुलिस ने मामले की सूचना परिजनों को देते हुए शव को कब्जे में ले लिया। एक साथ एक ही गांव के दो युवकों की सड़क हादसे में मौत की सूचना गांव पहुंची तो दोनों के परिवार व गांव में कोहराम मच गया। युवकों की मौत के बाद पुलिस ने वाहन को कब्जे में ले लिया है। सूचना पर पहुंचे परिवारीजनों की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर शव का पोस्टमॉर्टम कराने के बाद वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी।
अधूरी रह गई बहन सुनीता की इच्छा
सोनू की विवाहित बहन सुनीता रक्षाबंधन पर्व पर भाई की कलाई पर राखी बांधने का सपना संजोए मायके नरौली पहुंची थी। परिवार के लोग भी सोनू के आगमन पर खुश होकर उसके घर पहुंचने का इंतजार कर रहे थे। गौरीगंज पहुंचने के बाद सोनू ने फोन कर भागीरथ को बाइक से भेजने को कहा। किसी को क्या पता था कि दिल्ली से गौरीगंज पहुंचने के बाद सोनू घर नहीं पहुंच पाएगा। सोनू का परिवार घर पहुंचने का इंतजार कर रहा था लेकिन मौत की सूचना ने पूरे परिवार को तोड़ दिया। बहन सुनीता का रो-रोकर बुरा हाल है तो भाई की कलाई पर राखी बांधना का सपना अब हमेशा के लिए सपना बन गया है।
मासूम बच्चों से उठ गया पिता का साया
सोनू की मौत के बाद पत्नी साधना, पुत्र निखिल (8) पुत्री शिवांशी (6) व पायल (4) का रो-रोकर बुरा हाल है। बुजुर्ग पिता मेवालाल को इस अनहोनी पर भरोसा नहीं हो रहा है। वह लोगों से कह रहा है कि सोनू आने के बाद उसके साथ समय व्यतीत करेगा। पत्नी व बच्चों की करुण वेदना सांत्वना देने पहुंच रहे लोगों को भी गमगीन कर रही है।
क्या पता था कि अब नहीं लौटेगा भागीरथी
सड़क हादसे में मृत भागीरथी का परिवार भी असामयिक हादसे से टूट गया है। मां राजपती रो-रोकर कर रही है कि सोनू को लाने जाने के बाद चह खुद नहीं आएगा यह पता होता तो नहीं जाने देते। पत्नी बिट्टन के साथ पुत्र शिवा, शिवम व आदर्श तथा पुत्री सुधा कुमारी तो बहन शिवानी, संगीता, अंजू, संजू व मंजू की आंखों से आंसू बंद नहीं हो रहे हैं। राखी के दिन भाई की मौत से लोग गमगीन हैं। गुरुवार के बाद शुक्रवार को भी गांव में किसी के घर चल्हूे नहीं जले।
05 : गौरीगंज : नरौली गांव में युवकों की मौत के बाद रोते-बिलखते परिजन। -संवाद- फोटो : AMETHI