जिला अस्पताल स्थित फिजियोथेरेपी कक्ष में फिजियोथेरेपी कराता मरीज।
अमेठी सिटी। जिला अस्पताल के फिजियोथेरेपी विभाग में महज एक फिजियोथेरेपिस्ट तैनात है। कर्मियों के साथ ही संसाधनों की कमी से मरीजों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल के फिजियोथेरेपी विभाग में शॉर्ट वेव डाईथर्मी, इंटर फरेनशियल, अल्ट्रासोनिक, मसल स्टीमुलेटर, टैक्सन मशीन, फिंगल एक्साइजर, क्वाड्रीसेप टेबल, रोविंग मशीन, हील एक्सरसाइज व ट्रेडमिल आदि मशीनें हैं। इन्हें संचालित करने के लिए महज एक फिजियोथेरेपिस्ट है। यहां दो सहायकों सहित अन्य कर्मियों व नई तकनीक की मशीनों की जरूरत है। हालांकि यह जरूरत काफी दिनों की मांग के बाद भी पूरी नहीं हो पाई।
यहां 40 से 50 मरीज रोजाना फिजियोथेरेपी कराने पहुंचते हैं। जिन्हें कर्मियों व मशीनों के अभाव में घंटों इंतजार करना पड़ता है। सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि जिला अस्पताल में निशुल्क फिजियोथेरेपी होती है। ज्यादा मरीज होने पर उन्हें विधि बताते हुए घर पर व्यायाम करने की सलाह दी जा रही है। जल्द ही कर्मियों की कमी दूर की जाएगी।
नहीं है साइड इफेक्ट
जिला अस्पताल के फिजियोथेरेपिस्ट राम सिंह ने बताया कि सिर्फ विभिन्न फिजियो तकनीक और एक्सरसाइज से इलाज किया जाता है। फिजियोथेरेपी कमजोर मसल्स और नसों को मजबूत करता है।