अमेठी सिटी। जिले की तिलोई तहसील के सेमरौता कस्बे से बाराबंकी व लखनऊ तक का सफर सुगम बनेगा। शासन ने इसके लिए सेमरौता-शिवरतनगंज-हैदरगढ़ मार्ग के सुदृढ़ीकरण प्रस्ताव को मंजूरी देते हुए खर्च के लले 24 करोड़ की बजट राशि स्वीकृत की है। 15 माह में पूरे होने वाले इस काम से करीब एक लाख की आबादी को आवागमन में होने वाली परेशानी से छुटकारा मिलेगा।
तिलोई विधानसभा क्षेत्र के गांवों को पड़ोसी जिले रायबरेली से लेकर बाराबंकी के हैदरगढ़ तक जोड़ने वाला 16 किमी. लंबा सेमरौता-शिवरतनगंज-हैदरगढ़ मार्ग बीते लंबे से बदहाल है। सड़क मार्ग पर बने गड्ढों के बीच से बाराबंकी व लखनऊ तक पहुंचना क्षेत्रीय लोगों के लिए काफी चुनौती पूर्ण होता है। इस कारण उन्हें लखनऊ तक पहुंचने के लिए 10 किमी तक का अतिरिक्त चक्कर लगाने की परेशानी भी उठाना पड़ती है।
पांच साल पहले 12.41 करोड़ रुपये की लागत से बने मार्ग के क्षतिग्रस्त होने के बाद राज्यमंत्री मंयकेश्वर शरण सिंह ने इसकी मरम्मत के लिए लोक निर्माण विभाग को एक पत्र भेजा था। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने इस मार्ग के कुछ हिस्सों में पैच वर्क करवाने के साथ ही पूरे मार्ग के उच्चीकरण व सुदृढ़ीकरण का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा था।
शासन स्तर से इस प्रस्ताव को स्वीकृत कर उच्चीकरण व सुदृढ़ीकरण कार्य के लिए 24 करोड़ रुपये की बजट राशि जारी करते हुए प्रस्तावित कार्य 15 माह में पूरा करने को निर्देश दिया है। अब लोक निर्माण विभाग टेंडर प्रक्रिया शुरू कराने के साथ ही ठेकेदार फर्म का चयन पूरा करने की कवायद में जुटा है।
सुगम बनेगा एक लाख आबादी का आवागमन
सेमरौता हैदरगढ़ के 16 किलोमीटर मार्ग की बदहाल स्थिति के कारण क्षेत्र के ज्यादातर लोगों को लखनऊ जाने के लिए लंबा चक्कर लगाने की परेशानी उठाना पड़ती है। इस मार्ग से रामपुर पंवारा गांव के अतिरिक्त कल्याणपुर, शिवरतनगंज, पेंडारा, जेहटा उसरहा, पेडरिया, सेमरौता, ठोकरपुर, बसंतपुर, मैंझार, अकबरपुर फर्शे, राजापुर हलीम समेत करीब 18 क्षेत्र से जुड़ी आबादी आवागमन करती है। मार्ग के उच्चीकरण व सुदृढ़ीकरण का सीधा फायदा इलाके के लोगों को मिलेगा।
नहीं लगाना पड़ेगा दस किमी. का चक्कर
कुकहा रामपुर निवासी राम प्रकाश पांंडेय ने बताया कि मार्ग के उच्चीकरण व सुदृढ़ीकरण से आवागमन में हो रही परेशानी से निजात मिलेगी। सेमरौता निवासी शानू अग्निहोत्री ने बताया कि यह लखनऊ व बाराबंकी तक जाने का सीधा मार्ग है। सड़क खराब होने के कारण दस किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ता था। इसके ठीक हो जाने से लंबा चक्कर काटने की परेशानी से राहत मिलेगी।
इसी तरह खेखरुआ निवासी राजेश पांंडेय ने बताया कि सेमरौता हैदरगढ़ मार्ग के निर्माण हो जाने से आवागमन सुलभ हो जाएगा। मार्ग ख़राब होने के कारण यात्री या तो महराजगंज या फिर इन्हौना होकर लखनऊ जाना पड़ता है। रतवलिया मैंझार निवासी शत्रोंहन यादव ने बताया कि इस मार्ग के बनने से लखनऊ तक की दूरी दस किलोमीटर कम हो जाएगी।
जल्दी शुरू होगा निर्माण का काम
सेमरौता-हैदरगढ़ मार्ग के उच्चीकरण व सुदृढ़ीकरण कार्य के प्रस्ताव को मिली मंजूरी के बाद ठेकेदार फर्म नामित करने की प्रक्रिया चल रही है। इसके पूरा होते ही अवर अभियंता की निगरानी में प्रस्तावित कार्य को मानक के अनुसार पूरा करवाया जाएगा।
रमेश चंद्र, अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग