अमेठी। क्षेत्र के थौरा गांव के पास शनिवार रात सड़क हादसे में जान गंवाने वाले रिक्शा चालक कन्हैया लाल (60) का अंतिम संस्कार सोमवार दोपहर बाद किया गया। परिजन मृतक के बड़े बेटे के चंडीगढ़ से आने और प्रशासनिक सहायता की मांग पर अड़े थे। प्रशासन के आश्वासन के बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।
धवकल का पुरवा थौरा निवासी कन्हैया लाल शनिवार रात अमेठी से रिक्शा लेकर पैदल घर लौट रहे थे। थौरा गांव के पास एक तेज रफ्तार बाइक ने उन्हें पीछे से टक्कर मार दी जिससे उनकी इलाज के दौरान मौत हो गई थी। पुलिस ने मृतक के बेटे अमरजीत की तहरीर पर बाइक सवार दुर्गेश कश्यप के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया था।
रविवार देर शाम शव गांव पहुंचा तो परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से इन्कार कर दिया। सोमवार सुबह भीम आर्मी कार्यकर्ताओं के साथ परिजनों ने प्रशासन से भूमिहीन मृतक परिवार को जमीन देने और 50 लाख रुपये की आर्थिक सहायता की मांग की।
नायब तहसीलदार शिव परसन पाल और थाना प्रभारी रवि कुमार सिंह गांव पहुंचे। बातचीत के बाद प्रशासन ने आश्वासन दिया कि मृतक के परिवार को ग्राम समाज की भूमि दी जाएगी और 10 दिनों के भीतर आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी। इसके बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए मान गए।
चंडीगढ़ से बड़े बेटे संदीप के पहुंचने के बाद सोमवार दोपहर गांव में ही कन्हैया लाल का अंतिम संस्कार किया गया। इंस्पेक्टर रवि कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी को हिरासत में लेकर जांच की जा रही है।