अमेठी सिटी। कैस्ट्राल कंपनी का कथित नकली मोबिल बेचने और बरामदगी से जुड़े मामले में गवाह एसआई सीपी जैसल के उपस्थित न होने पर सीजेएम कोर्ट सुल्तानपुर ने कड़ा रुख अपनाया है। सीजेएम नवनीत सिंह की अदालत ने पुलिस कमिश्नर वाराणसी को आदेश जारी कर अगली तिथि पर साक्षी को व्यक्तिगत रूप से अथवा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित कराना सुनिश्चित करने को कहा है। मामले में साक्ष्य पर सुनवाई के लिए चार जुलाई की तिथि तय की गई है।
मामले में मुंबई निवासी कैस्ट्राल कंपनी के इन्वेस्टिगेटर देवेंद्र सिंह ने 28 जून 2010 को बाजारशुकुल थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि बाराबंकी जिले के सुबेहा थाना क्षेत्र के पूरे इमाम अली निवासी रामदेव साहू तथा बाजारशुकुल क्षेत्र के कटरा चौराहा निवासी दिलीप गुप्ता नकली मोबिल बेचकर कंपनी की छवि खराब कर रहे थे।
शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों की दुकान से कथित रूप से नकली मोबिल बरामद किया था। मामले में गवाह एसआई चंद्रिका प्रसाद जैसल की गवाही लंबे समय से लंबित है। वर्तमान में उनकी तैनाती वाराणसी के भेलूपुर थाने में है। अदालत ने उनकी लगातार गैरहाजिरी को गंभीरता से लेते हुए पुलिस कमिश्नर को आदेश का अनुपालन सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी सौंपी है।