लखनऊ। इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने रायबरेली के एसपी अभिषेक अग्रवाल को टैक्सी देने से मना करने पर युवक को चोरी के फर्जी मामले में फंसाने के आरोपों वाले मामले में गठित एसआईटी को 8 हफ्ते में जांच पूरी करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 10 सितंबर को नियत कर कहा जांच रिपोर्ट सील कवर में पेश की जाए।
न्यायमूर्ति विवेक चौधरी और न्यायमूर्ति नरेंद्र कुमार जौहरी की खंडपीठ ने यह आदेश युवक की मां गोमती मिश्रा की याचिका पर दिया। याची का आरोप है कि टैक्सी देने से मना करने पर उसके एम बी ए शिक्षित पुत्र अलख मिश्र को चोरी के फर्जी मामले में फंसाया गया। मामले गठित एस आई टी इसकी जांच कर रही है।