गौरीगंज (अमेठी)। मुसाफिरखाना तहसील के निरीक्षण के दौरान मिली कमियों से नाराज डीएम ने देर शाम रिकॉर्ड कीपर को निलंबित व पेशकार को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए एसडीएम से जवाब तलब किया है। डीएम ने सभी को राजस्व वसूली बढ़ाने के साथ ही पत्रावलियों का रख-रखाव बेहतर करने तथा समय से लंबित वादों को निस्तारण व शिकायतों पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। डीएम ने तहसील में निरीक्षण के दौरान मिली कमियां दूर नहीं होने की दशा में एसडीएम व तहसीलदार को कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के साथ राजस्व वसूली बढ़ाने तथा कर्मियों की मनमानी पर अंकुश लगाने की कोशिश में जुटे डीएम अरुण कुमार ने शुक्रवार को मुसाफिरखाना तहसील का औचक निरीक्षण किया था। इस दौरान एसडीएम कोर्ट में पांच वर्ष से पुराने वादों तथा धारा 80 के तहत दर्ज 22 केसों का निस्तारण नहीं मिला तो धारा 107/116 में चालान व कार्रवाई की खराब प्रगति तथा राजस्व अभिलेखागार में अग्निशमन यंत्र की जांच नहीं होने तथा पत्रावलियों का रखरखाव संतोषजनक नहीं मिला।
निरीक्षण के दौरान मिली कमियों ने नाराज डीएम ने देर शाम एसडीएम के पेशकार जितेंद्र पाल को प्रतिकूल प्रविष्टि देने व रिकॉर्ड कीपर रामकंठ को निलंबित करते हुए फौजदारी अहलमद अशोक सिंह व एसडीएम रामशंकर को नोटिस जारी कर जवाब देने का निर्देश दिया है।
डीएम ने तहसील में कृषि, आवास लक्ष्य के अनुरूप करने, राजस्व वसूली बढ़ाने तथा निरीक्षण में मिली कमियों को तत्काल दूर करते हुए वादों व जन शिकायतों का निस्तारण गुण-दोष के आधार पर समय से करने का निर्देश दिया है। डीएम ने एसडीएम व तहसीलदार को व्यवस्था में सुधार न होने तथा जवाब से संतुष्ट न होने पर विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी है। डीएम की कार्रवाई से तहसील कर्मियों में हड़कंप मचा है।