अमेठी सिटी। जिले में इमरजेंसी रोस्टिंग, लोकल फाॅल्ट और लगातार ट्रिपिंग के कारण बिजली व्यवस्था प्रभावित हो गई है। उमसभरी गर्मी के बीच रात में दो से तीन घंटे की अघोषित कटौती से उपभोक्ता परेशान हैं। कई क्षेत्रों में दिन और रात दोनों समय बिजली की आवाजाही बनी रहने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मुसाफिरखाना के सराय सुलेमानी, बरना, रामपुरमठा और खरगीपुर गांवों में बृहस्पतिवार को दोपहर से शाम तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। करपिया फीडर से रात नौ से 10:30 बजे तक और फिर रात एक से डेढ़ बजे तक बिजली नहीं मिली। मऊ उपकेंद्र से बुधवार रात 9:10 से 10:15 बजे तक तथा रात 12:20 से 1:30 बजे तक आपूर्ति ठप रही। इससे लोग सो नहीं सके।
शुकुलपुर फीडर से शाम 7:40 से 9:25 बजे तक और रात 12:20 से दो बजे तक बिजली ठप रही। शाहगढ़ के पनियार पावर हाउस क्षेत्र में उपभोक्ताओं का आरोप है कि 18 घंटे के बजाय महज छह घंटे बिजली मिल रही है। जामों उपकेंद्र क्षेत्र में बुधवार रातभर बिजली गुल रही। बृहस्पतिवार को भी कई बार आपूर्ति बाधित हुई। बिजली संकट का असर पेयजल व्यवस्था पर भी पड़ा है। मोटर बंद रहने से कई गांवों में पानी की समस्या खड़ी हो गई और लोगों को हैंडपंपों का सहारा लेना पड़ा।
जगदीशपुर, तिलोई, सेमरौता, अमेठी, जायस और भादर क्षेत्रों से भी अनियमित आपूर्ति की शिकायतें मिली हैं। अधीक्षण अभियंता अरुण कुमार सिंह ने बताया कि इमरजेंसी रोस्टिंग लागू है। इसके बावजूद बेहतर बिजली आपूर्ति देने का प्रयास किया जा रहा है।