अमेठी। रेल मंत्रालय व विभाग की ओर से जिला मुख्यालय के गौरीगंज रेलवे स्टेशन पर दी जाने वाली सुविधाओं का दावा पूरी तरह झूठा साबित हो रहा है। आलम ये है कि स्टेशन से गुजरने वाली 19 जोड़ी ट्रेन के यात्रियों को प्लेटफार्म पर कोई सुविधा मुहैया नहीं है। ट्रैक दोहरीकरण व उच्चीकरण के बीच ट्रेन का संचालन प्लेटफार्म नंबर-2 से हो रहा है। इसके बावजूद प्लेटफार्म पर प्रसाधन, प्रकाश, बेंच व पेयजल की व्यवस्था नहीं है। इसकी वजह से प्रतिदिन करीब दो हजार यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
यात्रियों को बेहतर सेवा देने के लिए केंद्र सरकार की ओर से की जा रही कोशिश गौरीगंज रेलवे स्टेशन पर कार्यदायी संस्था रेल विकास निगम की मनमानी का शिकार हो गई है। रेल ट्रैक दोहरीकरण, विद्युतीकरण व प्लेटफार्म उच्चीकरण कार्य प्रगति पर होने के कारण संचालन विभाग ट्रेनों को प्लेटफार्म संख्या-दो से संचालित कर रहा है। ट्रेनों का संचालन प्लेटफार्म संख्या दो से होने के बावजूद रेल विकास निगम ने प्लेटफार्म पर यात्री सुविधाओं का प्रबंध नहीं किया है।
प्लेटफार्म पर पानी की आपूर्ति के लिए दो टंकी स्थापित तो की गई हैं लेकिन पाइप लाइन बाधित होने से वह शोपीस बनकर रह गई हैं। इतना ही नहीं प्लेटफार्म पर अस्थाई प्रसाधन निर्माण शुरू करने के बाद रेल विकास निगम निर्माण कार्य पूरा करने की जहमत नहीं उठा रहा है। ऐेसे में प्लेटफार्म पर पेयजल, प्रसाधन, प्रतीक्षा के लिए छांव और बेंच के साथ ही रात में प्रकाश की समुचित व्यवस्था नहीं है। इसकी वजह से प्रतिदिन 19 जोड़ी ट्रेन में यात्रा करने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
स्टेशन अधीक्षक राजेश कुमार ने बताया कि रेल विकास निगम की ओर से प्लेटफार्म संख्या दो पर पेयजल, प्रसाधन, बेंच का समुचित इंतजाम करने में बरती जा रही लापरवाही की जानकारी उच्चाधिकारियों दी गई है। जल्द ही प्लेटफार्म संख्या दो का निर्माण कार्य पूरा कराते हुए यात्रियों को बेहतर सुविधा मुहैया कराई जाएगी।
लखनऊ-प्रतापगढ़ रेल ट्रैक पर 19 जोड़ी ट्रेनों का ठहराव गौरीगंज स्टेशन पर होता है। स्टेशन पर रुकने वाली ट्रेनों में अप/डाउन काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस, बरेली-प्रयाग पैसेंजर, न्यू फरक्का एक्सप्रेस, हरिद्वार एक्सप्रेस, कोलकाता एक्सप्रेस, कानपुर इंटरसिटी, शटल पैसेेंजर, डेमो पैसेंजर, साकेत लिंक एक्सप्रेस, वाराणसी इंटरसिटी, वीपीएल पैसेंजर, नीलांचल एक्सप्रेस, पंजाब मेल, जनता एक्सप्रेस, मरुधर एक्सप्रेस, पद्मावत एक्सप्रेस, पीआरएल पैसेंजर, लखनऊ इंटरसिटी एक्सप्रेस व जौनपुर इंटरसिटी शामिल हैं।
शहर निवासी डब्बू सिंह ने कहा कि प्लेटफार्म पर पानी की सिर्फ दो टंकी हैं। इन टंकियों में भी पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। ऐसे में पेयजल के लिए यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। सराय भागमानी निवासी रीता सिंह ने बताया कि स्टेशन पर प्रसाधन की कोई व्यवस्था नहीं है। प्लेटफार्म पर प्रसाधन नहीं होने से ट्रेन की प्रतीक्षा करने के दौरान महिला यात्रियों को परेशानी हो रही है।
गौरीपुर गांव निवासी जगदीश मौर्य ने बताया कि गौरीगंज रेलवे स्टेशन पर यात्रियों की सुरक्षा भगवान भरोसे है। रात में प्लेटफार्म संख्या दो पर प्रकाश का प्रबंध नहीं होने से ट्रेनों में चढ़ने व उतरने में परेशानी होती है। मऊ गांव निवासी जयप्रकाश मिश्र ने बताया कि रेल विभाग भले ही यात्री सुविधा व संरक्षा की बात कहे लेकिन गौरीगंज में प्लेटफार्म पर सुविधा के स्थान पर सिर्फ अव्यवस्था का राज है।