इन्हौना (अमेठी)। परिषदीय विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर है। निजी स्कूल भी परिषदीय विद्यालयों से पीछे छूट गए हैं। कायाकल्प योजना के तहत स्कूलों का सौंदर्यीकरण कराया गया है। अभिभावक अपने बच्चों को नियमित विद्यालय भेजें। शिक्षा से ही व्यक्ति का सर्वांगीण विकास होता है। ये बातें राज्यमंत्री मयंकेश्वर शरण सिंह ने कहीं। वह शनिवार को ब्लाॅक संसाधन केंद्र सिंहपुर में बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से आयोजित संगोष्ठी एवं उन्मुखीकरण कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
मंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर बनाई गई रंगोली व टीएलएम का अवलोकन करते हुए आईसीटी लैब का फीता काटकर शुभारंभ किया। साथ ही एआरपी ओंकार पांडेय लिखित पुस्तक इंग्लिश फार किड्स व सोचो और समझो, आओ हिंदी भाषा सिखाएं का विमोचन किया। राज्यमंत्री ने कायाकल्प योजना के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाले ग्राम प्रधान राजवीर सिंह, आशीष मिश्रा व मिंटू सिंह को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया।
उन्होंने प्रतिभा खोज परीक्षा की मेधावी छात्रा बेबी के साथ ही बेसिक शिक्षा विभाग के एआरपी ओंकार पांडेय, सूर्य प्रकाश व सीमा सिंह को सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में सेवानिवृत्त शिक्षक रामबख्श प्रजापति, विजय नारायण शुक्ला व धर्मराज कुंवरि सिंह भी शामिल रहे। कार्यक्रम को बीएसए संजय तिवारी, ब्लाॅक प्रमुख तिलोई के प्रतिनिधि कृष्ण कुमार सिंह उर्फ मुन्ना सिंह, सिंहपुर के ब्लाॅक प्रमुख अंकित पासी ने भी संबोधित किया। खंड शिक्षा अधिकारी हरिओम तिवारी ने आगंतुकों के प्रति आभार जताया। कार्यक्रम का संचालन एआरपी अनुज शुक्ला, सुरेंद्रनाथ पांडेय ने किया। इस मौके पर शिक्षक नेता सत्येंद्र कुमार तिवारी, कौशलेंद्र सिंह, समृद्धि सिंह, उबैद अहमद, दिलीप कुमार शुक्ला, गोपी चंद्र बाजपेयी, सतीश गौतम, धर्मेन्द्र सिंह, मुकेश कुमार, फकीर मोहम्मद आदि मौजूद रहे।