अमेठी। जिले में धान खरीद के लिए नामित नौ एजेंसियों के 51 क्रय केंद्र की खरीद प्रगति बेहद धीमी है। खरीद शुरू होने के 24 दिन बाद भी सभी क्रय केंद्रों ने मिलकर अब तक मात्र 8.25 फीसदी धान की खरीद की है।
यह हाल तब है जब डीएम के निर्देश पर प्रतिदिन धान खरीद केंद्र का निरीक्षण कर प्रभारियों पर कार्रवाई हो रही है। आंकड़ों को आधार मानेें तो नोडल एजेंसी विपणन शाखा ने अब तक सर्वाधिक 1.07 फीसदी तो मंडी परिषद ने सब से कम 0.42 फीसदी धान की खरीद की है।
शासन के आदेश पर जिला प्रशासन ने जिले में धान खरीद के लिए 1.1 लाख एमटी का लक्ष्य निर्धारित करते हुए विपणन शाखा, पंजीकृत समिति, मल्टी सेक्टोरल एजेंसी, पीसीएफ, यूपी एग्रो, मंडी परिषद और भारतीय खाद्य निगम को 15 अक्टूबर से धान खरीद शुरू करने का निर्देश दिया था।
निर्देश के बावजूद कल्याण निगम की ओर से आज तक स्वीकृति चार क्रय केंद्र में एक भी केंद्र की स्थापना नहीं की गई है। विपणन शाखा के साथ पंजीकृत समिति व मल्टी सेक्टोरल एजेंसी के 19 क्रय केंद्रों को 72,500 एमटी, पीसीएफ के 26 क्रय केंद्र को 23,000 एमटी, यूपी एग्रो के तीन क्रय केंद्र को 2,500 एमटी, मंडी परिषदर के दो क्रय केंद्र को 1500 एमटी, कल्याण निगम के चार क्रय केंद्र को 8,500 एमटी तथा भारतीय खाद्य निगम के दो क्रय केंद्र को दो हजार एमटी खरीद का लक्ष्य दिया गया था।
जिला प्रशासन के आदेश पर धान खरीद शुरू हुए 24 दिन बीत चुके हैं। बावजूद इसके अभी तक विपणन शाखा के दस केंद्रों पर 204 किसानों से कुल 770.88 एमटी, पंजीकृत समिति के चार केंद्रों पर एक किसान से 4.40 एमटी मल्टी सेक्टोरल एजेंसी के चार क्रय केंद्रों की अब तक बोहनी नहीं हो सकी है। इसी तरह पीसीएफ के 26 केंद्रों पर 35 किसानों से 188.36 एमटी, यूपी एग्रो के तीन क्रय केंद्रों पर पांच किसानों से 23.28 एमटी, कर्मचारी कल्याण निगम के चार केंद्र आज तक धरातल पर नहीं उतर सके हैं।
मंडी परिषद के दो क्रय केंद्रों पर दो किसानों से 3.28 एमटी तथा भारतीय खाद्य निगम के दो केेंद्रों पर 32 किसानों से 22.28 एमटी धान की खरीद हुई है। आंकड़ों को आधार मानें तो सर्वाधिक धान खरीद नोडल एजेंसी विपणन शाखा के क्रय केंदों ने तो सबसे कम यूपी एग्रो के क्रय केंद्रों ने की है। कुल मिलाकर लक्ष्य के सापेक्ष अब तक जिले में 278 किसानों से मात्र 191.84 एमटी खरीद होने से लक्ष्य पूरा होना असंभव प्रतीत हो रहा है।
डिप्टी आरएमओ भीमाचंद्र गौतम ने बताया कि जिले में मसूरी की खेती ज्यादा होने से अभी फसल तैयार नहीं है। केंद्र प्रभारियों को लक्ष्य पूरा करने के लिए किसानों से संपर्क करने का निर्देश दिया गया है। क्रय केंद्र पर पहुंचने वाले किसानों से धान खरीद की जा रही है। निर्धारित समय पर जिले के साथ सभी क्रय केंद्रों का लक्ष्य पूरा हो जाएगा।
धान खरीद व्यवस्था की जिला प्रभारी एडीएम वंदिता श्रीवास्तव ने बताया कि क्रय केंद्रों का प्रतिदिन निरीक्षण कराया जा रहा है। पंजीकृत किसानों की शत-प्रतिशत खरीद के साथ क्रय केंद्र व जिले का लक्ष्य पूरा करने की कोशिश की जा रही है। धान खरीद में लापरवाही बरतने या किसानों को नमी आदि के नाम पर परेशान करने वाले केंद्र प्रभारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।