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65 दिनों में हुई महज 2493 एमटी गेहूं की खरीद

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07 : गौरीगंज : असैदापुर स्थित विपणन शाखा पर होगी रही गेहूं खरीद। -संवाद - फोटो : AMETHI
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गौरीगंज (अमेठी)। गेहूं खरीद की समय सीमा समाप्त होने में अब महज 11 दिन शेष बचे हैं। खरीद शुरू होने के 65 दिनों मेें अब तक 709 किसानों से सिर्फ 2493.54 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद हो सकी है। सीजन की शुरुआत में निजी आढ़त पर गेहूं के दाम अधिक होने को कम गेहूं खरीद कम होने का कारण बताया जा रहा है। किसानों ने एमएसपी से अधिक दाम मिलने पर बाजार में अपना गेहूं बेच दिया तथा पंजीकरण कराने के बाद भी सरकारी क्रय केंद्रों पर नहीं पहुंचे। ऐसे में जिले में निर्धारित लक्ष्य के अनुसार खरीद होना असंभव प्रतीत हो रहा है।
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फसल समर्थन मूल्य योजना के तहत जिले में शासन ने 60 हजार मीट्रिक टन गेहूं खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया था। लक्ष्य के अनुसार खरीद करने के लिए जिला प्रशासन ने छह एजेंसी के 65 क्रय केंद्र निर्धारित किए थे। हालांकि खरीद की धीमी गति को देखते हुए बीच में ही नौ क्रय केंद्र बंद कर दिए गए थे। एक अप्रैल से क्रय केंद्रों पर खरीद शुरू होती इसी बीच बाजार में गेहूं की कीमतें समर्थन मूल्य से अधिक हो गईं।
सरकारी केंद्रों पर किसानों के गेहूं का दाम 2015 रुपये प्रति क्विंटल था जबकि सीजन की शुरुआत में आढ़त (निजी बाजार) पर गेहूं का दाम 2100 रुपये से लेकर 2250 रुपये प्रति क्विंटल हो गया। शुरुआत से गेहूं क्रय केंद्र खाली रहे। गेहूं खरीद का लक्ष्य पूरा करने के लिए शासन ने केंद्र प्रभारी व अन्य अधिकारियों को किसानों से संपर्क करने व मोबाइल टीम से घर से खरीद की योजना बनाई लेकिन किसान पंजीकरण के बावजूद सरकारी क्रय केेंद्र पर अपना गेहूं बेचने को तैयार नहीं हुए।
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आलम यह है कि 65 दिन में महज 709 किसानों ने 2493.54 मीट्रिक टन गेहूं बेचा है। ऐसे में खरीद के सिर्फ 11 दिन शेष हैं तो लक्ष्य के सापेक्ष महज 4.16 प्रतिशत खरीद होने से निर्धारित 60 हजार मीट्रिक टन गेहूं खरीद पाना असंभव नजर आ रहा है।
एजेंसीवार जिले में खरीद का विवरण
फसल समर्थन मूल्य योजना के तहत खरीद की नोडल एजेंसी विपणन शाखा की ओर से जारी आंकड़ों को आधार मानें तो विपणन शाखा के 19 क्रय केंद्रों पर 449 किसानों से 1564.40 एमटी, पीसीएफ के 20 क्रय क्रेंदों पर 1532 किसानों से 558.34 एमटी, यूपीएसएस के सात क्रय केंद्रों पर 69 किसानों से 275.50 एमटी, यूपीपीसीयू के 11 क्रय केंद्रों पर 32 किसानों से 73.05 एमटी तथा भारतीय खाद्य निगम के एक क्रय केंद्र पर सात किसानों से 22.25 एमटी गेहूं खरीदा है।
5025 किसानों ने कराया था पंजीयन
रबी सीजन में निर्धारित क्रय केंद्रों पर गेहूं की उपज बेचने के लिए जिले के 5025 किसानों ने पंजीकरण कराया है। पंजीकृत किसानों में तिलोई तहसील में 2448, मुसाफिरखाना में 784, गौरीगंज में 1229 तथा अमेठी में 600 किसानों ने पोर्टल पर फसल बेचने के लिए पंजीकरण कराया था।
पंजीकृत किसानों में तिलोई में सात, मुसाफिरखाना में दो, अमेठी में 34 किसानों का सत्यापन लंबित है तो पीएफएमएस पोर्टल पर मुसाफिरखाना के तीन, गौरीगंज के दो तथा अमेठी के एक किसान का सत्यापन लंबित है। पंजीकृत किसानों में 4985 किसानों का टोकन भी जारी हो चुका है। बावजूद इसके क्रय केंद्र पर महज 631 किसानों ने ही अपनी फसल का विक्रय किया।
पिछले वर्ष हुई थी 33701.37 एमटी खरीद
विपणन शाखा के आंकड़ों के अनुसार गेहूं खरीद वर्ष 2021-22 में तीन जून तक विपणन शाखा के 19 क्रय केंद्रों पर 19019.05 एमटी गेहूं खरीदा गया था। इसी तरह पीसीएफ के 20 क्रय केंद्रों पर 16023.27 एमटी खरीद हुई थी यूपीएसएस के सात केंद्र पर गत वर्ष 3600.75 खरीद हुई थी। भारतीय खाद्य निगम के एक क्रय केंद्र पर गत वर्ष 1779.90 एमटी गेहूं खरीद गया है।
चल रहा प्रयास : डिप्टी आरएमओ
डिप्टी आरएमओ संतोष कुमार द्विवेदी ने बताया कि बाजार में निर्धारित समर्थन मूल्य से अधिक गेहूं की कीमत होने से क्रय केंद्रों पर लक्ष्य के अनुसार खरीद नहीं हो पाई है। सभी क्रय केंद्रों पर किसानों से संपर्क कर गेहूं खरीद करने की कोशिश चल रही है। इतना ही नहीं लक्ष्य के अनुसार खरीद हो इसके लिए मोबाइल टीम के माध्यम से घर से ही किसानों के गेहूं खरीदने की व्यवस्था करते हुए निगरानी की जा रही है। पूरी कोशिश है कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार खरीद की जा सके।
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