फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Amethi News: बर्फीली पछुआ हवा से बढ़ी गलन

Mon, 05 Jan 2026 12:23 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
विज्ञापन
गौरीगंज कस्बे में रविवार सुबह छाए कोहरे के बीच गुजरते वाहन। -संवाद
विज्ञापन
अमेठी सिटी। मौसम के बदले मिजाज ने जिले में ठंड का असर तेज कर दिया है। शीतलहर, घने कोहरे और बर्फीली पछुआ हवा के चलते गलन बढ़ गई, जिससे जनजीवन प्रभावित रहा। न्यूनतम तापमान सात डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि अधिकतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहा। सुबह 10 बजे तक कोहरा छाया रहा, जिस कारण राष्ट्रीय राजमार्ग सहित प्रमुख मार्गों पर दृश्यता कम हो गई। वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर धीमी गति से चलना पड़ा।
विज्ञापन



रविवार को सुबह नौ बजे के बाद कोहरा कुछ हद तक कम हुआ, मगर बादल छाए रहने से सूरज पूरे दिन दिखाई नहीं दिया। ठंडी पछुआ हवा लगातार बहती रही, जिससे गलन बढ़ती गई। दिनभर धूप न निकलने के कारण तापमान में अपेक्षित सुधार नहीं हो सका। शाम ढलते ही ठिठुरन और तेज हो गई। आवश्यक कार्यों के लिए बाहर निकले लोग स्वेटर, जैकेट, टोपी और मफलर पहने नजर आए। ठंड से बचाव के लिए लोगों ने अलाव और इलेक्ट्रॉनिक हीटर का सहारा लिया।

सड़कों के किनारे तथा सार्वजनिक स्थानों पर जलते अलाव ठंड में राहत का साधन बने। बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा और आवाजाही सीमित दिखी। ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोग घरों में दुबके रहे। पहाड़ी इलाकों में जारी बर्फबारी का असर मैदानी क्षेत्रों में साफ दिखाई दे रहा है, जिससे गलन बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिक डॉ. अमरनाथ मिश्र के अनुसार आने वाले दिनों में ठंड का यही रुख बना रह सकता है। न्यूनतम तापमान में और गिरावट के संकेत हैं। घने कोहरे की स्थिति भी अगले कुछ दिनों तक बने रहने की संभावना जताई गई है।
विज्ञापन




कोहरा व पाले से किसान चिंतित
कोहरा और पाले की स्थिति से खेती पर असर पड़ने लगा है। सरसों, आलू, मटर और टमाटर की फसलों में नुकसान की आशंका है। लगातार नमी और कम तापमान से पौधों की बढ़वार प्रभावित हो सकती है। किसान नियमित निगरानी कर रहे हैं। मौसम में सुधार न होने पर क्षति बढ़ने की संभावना बनी हुई है। इससे किसान चिंतित हैं।



ठंड में स्वास्थ्य संबंधी सावधानी जरूरी
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अंशुमान सिंह ने बताया कि सर्द मौसम में स्वास्थ्य के प्रति सतर्कता जरूरी है। सर्दी-जुकाम को नजरअंदाज करने से सिर दर्द, गले में खराश, बलगम जमने और नाक संबंधी दिक्कतें बढ़ सकती हैं। बचाव के लिए पर्याप्त गर्म कपड़े पहनें, ठंडी हवा से शरीर को सुरक्षित रखें। गर्म पानी पीना और गुनगुने पानी से गरारे लाभकारी रहते हैं। जरूरत पड़ने पर चिकित्सकीय परामर्श लें।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें