भेंटुआ के पिंडोरिया में जागेश्वर नाथ शिवाला। संवाद
अमेठी सिटी। भेंटुआ के पिंडोरिया स्थित प्राचीन जागेश्वरनाथ शिवाला अब पूरी तरह बदले रूप में नजर आता है। धाम का कायाकल्प पूरा होने पर लंबे समय से प्रतीक्षित सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। श्रद्धालुओं को अब स्वच्छ, सुरक्षित और संतुलित वातावरण में दर्शन का अवसर मिल रहा है।
पर्यटन विकास योजना के तहत 1.22 करोड़ रुपये की स्वीकृति पर विस्तृत निर्माण कार्य कराया गया है। प्रमुख रूप से इंटरलॉकिंग मार्ग तैयार होने से आवाजाही सरल हो गई है। पहले प्रवेश मार्ग कच्चा और सकरा था। अब समतल रास्ते ने श्रद्धालुओं की मुश्किल दूर कर दी है। सैंड स्टोन और ग्रेनाइट फर्श बनाने से परिसर सुंदर और टिकाऊ बन गया है। बरसात में फिसलन की परेशानी भी खत्म हो गई है। परिसर में सौर प्रकाश व्यवस्था लगने से रात में पर्याप्त उजाला बना रहता है। पहले प्रकाश की कमी से श्रद्धालुओं को असुविधा होती थी। अब सुरक्षित माहौल बन गया है।
दिव्यांग, महिला और पुरुषों के लिए अलग शौचालय तैयार होने से स्वच्छता व्यवस्था मजबूत हुई है। यात्री भवन बन जाने पर दूरदराज से आने वालों को रुकने का स्थान मिलने लगा है। धाम में पौधरोपण तथा पेड़ सुरक्षा घेरा बनने से संपूर्ण परिसर अधिक शांत और हराभरा दिखता है। स्थानीय लोगों ने इन बदलावों को सकारात्मक बताया। पिंडोरिया की ममता देवी ने कहा कि अब पूरे परिसर में व्यवस्था सुधरने से श्रद्धालुओं को राहत मिली है। सुशीला प्रजापति ने बताया कि साफ रास्ते और रोशनी से दर्शन का अनुभव सहज हो गया है। मन्नू यादव ने कहा कि नई फर्श से आवागमन में सहजता आई है।
पर्यटन अधिकारी परिजात पांडेय ने कहा कि जागेश्वरनाथ धाम के विकास का उद्देश्य श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित, शांत और स्वच्छ परिसर तैयार करना था। अब यह क्षेत्र धार्मिक पर्यटन के लिए उपयुक्त रूप में विकसित हो चुका है और आगंतुकों को बेहतर सुविधा मिल रही है।