गौरीगंज/बाजार शुकुल (अमेठी)। अल्पसंख्यक बाहुल्य बाजार शुकुल ब्लॉक में प्रधानमंत्री जनविकास कार्यक्रम के तहत प्रस्तावित आईटीआई निर्माण की बाधा दूर हो गई है। सत्थिन गांव में चिन्हित भूमि विवाद के कारण निर्माण कार्य बंद पड़ा था। बाधित निर्माण कार्य को देखते हुए राजस्व विभाग ने महोना में भूमि चिन्हित कर दी है। कार्यदायी संस्था के खाते में 40 लाख रुपये जारी करते हुए निर्माण शुरू करने को कहा गया है।
शासन की ओर से अल्पसंख्यक बाहुल्य विकासखंड को विकास की धारा से जोड़ने के लिए संचालित प्रधानमंत्री जनविकास कार्यक्रम के तहत वित्तीय वर्ष 2015-16 में बाजार शुकुल में पांच करोड़ रुपये की लागत से आईटीआई निर्माण को स्वीकृति मिली थी। स्वीकृति के बाद राजस्व विभाग ने सत्थिन गांव में भूूमि चिन्हित कर निर्माण की सहमति प्रदान की थी।
निर्माण कार्य शुरू होता इसके लिए पहले ग्रामीणों ने भूमि को विवादित बताते हुए कोर्ट से स्थगन आदेश ला दिया। स्थगनादेश जारी होने के बाद अल्पसंख्यक कल्याण विभाग ने जिला प्रशासन से दूसरी विवाद रहित भूूमि की मांग की। डीएम अरुण कुमार के निर्देश पर तहसील प्रशासन ने महोना गांव में आईटीआई निर्माण के लिए भूमि चिन्हित कर उसके नाम अंकित कर दिया है।
भूमि चिन्हित होने के बाद अल्पसंख्यक विभाग ने शासन से धनावंटन कर निर्माण शुरू करने का अनुरोध किया है। विभाग की ओर से भूमि चिन्हित होने के बाद शासन ने उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम को कार्यदायी संस्था नामित करते हुए 40 लाख रुपये की पहली किस्त अवमुक्त कर निर्माण कार्य शुरू करने का निर्देश दिया है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी पंकज सिंह ने कहा कि जल्द ही महोना गांव में आईटीआई का निर्माण शुरू हो जाएगा।