अमेठी सिटी। फुटकर गल्ला व्यवसायी की गला रेतकर हत्या के मामले में जांच के दौरान गुत्थी सुलझने के बजाय उलझती जा रही है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी पुलिस की मददगार साबित नहीं हुई तो संदिग्ध का मोबाइल बंद है। ऐसे में कंपनी से पुलिस लोकेशन आने का इंतजार कर रही है। पुलिस की जांच में कभी भूमि विवाद तो कभी प्रेम प्रसंग से जुड़े तथ्य सामने आ रहे हैं। संदिग्धों से पूछताछ में पुलिस को अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। हालांकि पुलिस का दावा है कि जल्द मामले का खुलास कर दिया जाएगा।
गौरीगंज कस्बे के वार्ड संख्या 23 चौकबाजार निवासी फुटकर गल्ला व्यवसायी हरिओम अग्रहरि (60) का शव शनिवार की सुबह टांडा-बांदा हाईवे पर बरनाटीकर गांव के पास पड़ा मिला था। गला रेतकर हुई हत्या में प्रयुक्त खून सने दो चाकू पास में मोरंग के ढेर से बरामद हुए थे। बेटे विशाल की तहरीर पर केस दर्ज करने के बाद चार टीमों को मामले का खुलासा करने की जिम्मेदारी सौँपी गई। टीम ने घटनास्थल के साथ रास्ते व उनकी दुकान के पास लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगाली, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
जांच में अब तक हत्या की कोई ठोस वजह प्रकाश में नहीं आई। जांच में कभी प्रेम प्रसंग तो कभी भूमि विवाद में हत्या होने का इशारा मिल रहा है। पुलिस टीम लगातार प्रकाश में आने वाले तथ्यों की जांच कर रही है तो कड़ी सुलझने के बजाय ज्यादा उलझ जा रही है। व्यवसायी संग शुक्रवार देर शाम तक दिखने वाला संदिग्ध भी भागा हुआ है, उसका मोबाइल बंद है। संदिग्ध की लोकेशन जानने के लिए टीम ने टेलीकॉम कंपनी से संपर्क किया, लेकिन अवकाश होने से अब तक पुलिस को कंपनी की ओर सीडीआर नहीं मिल सकी है।
ऐसे में पुलिस को अब सोमवार को संदिग्ध की लोकेशन सहित सीडीआर मिलने की उम्मीद है, जिसके बाद जांच को गति मिलेगी। संदिग्धाें को हिरासत में लेने के बाद भी पुलिस को अब तक कोई सुराग नहीं मिला है। एसएचओ श्याम नारायण पांडेय ने बताया कि हत्या के कारणों की जांच के लिए हर बिंदु खंगाला जा रहा है।
तेजी से की जा रही मामले की जांच
फुटकर गल्ला व्यवसायी हरिओम अग्रहरि की हत्या के मामले की जांच तेजी से की जा रही है। हत्या के कारणों की कड़ी को जोड़ते हुए साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं। हत्या में शामिल लोगों की तलाश की जा रही है। जल्द ही मामले में सही कारणों का पता करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।
-हरेंद्र कुमार, एएसपी