गौरीगंज स्थित जिला अस्पताल। संवाद
अमेठी सिटी। स्वाइन फ्लू संक्रमण की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग अलर्ट है। मरीजों को समय पर उपचार मिल सके, इसके लिए जिला अस्पताल गौरीगंज में 10, तिलोई मेडिकल कॉलेज में 20 और सभी सीएचसी में पांच-पांच बेड आरक्षित किए गए हैं। अस्पतालों में आइसोलेशन वार्ड तैयार कर जरूरी दवाओं, ऑक्सीजन सिलिंडर, मास्क और अन्य संसाधनों की व्यवस्था की गई है।
जिला अस्पताल और तिलोई मेडिकल कॉलेज में दो-दो ऑक्सीजन प्लांट हैं। फुरसतगंज में एक ऑक्सीजन प्लांट भी चालू है। अस्पतालों में ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भी पर्याप्त संख्या में उपलब्ध हैं। एच1एन1 का संदिग्ध मरीज मिलने पर उसे सामान्य मरीजों से अलग आइसोलेशन वार्ड में रखकर निगरानी की जाएगी। चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों को मरीजों की पहचान और उपचार को लेकर सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
सीएमओ डॉ. अंशुमान सिंह ने बताया कि मेडिकल कॉलेज, जिला अस्पताल और सीएचसी में आइसोलेशन वार्ड तैयार हैं। जरूरी दवाओं और ऑक्सीजन की पर्याप्त व्यवस्था है। जरूरत पड़ने पर मरीजों को तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि तेज बुखार के साथ खांसी-जुकाम या सांस लेने में परेशानी होने पर इसे सामान्य बीमारी न समझें। ऐसे लक्षण दिखने पर चिकित्सक से सलाह लेकर समय पर उपचार कराएं। लोगों से घबराने के बजाय नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की अपील की गई है।
इन लक्षणों को न करें नजरअंदाज
तेज बुखार और ठंड लगना।
खांसी, गले में खराश और नाक बहना।
नाक बंद होना।
बदन दर्द, सिरदर्द और अधिक थकान।
बच्चों में उल्टी या दस्त की शिकायत।
सांस लेने में परेशानी या सांस तेज चलना
सीने में दर्द या जकड़न खून में ऑक्सीजन का स्तर कम होना