अमेठी सिटी। शहर के वार्ड नंबर पांच पलिया में आंबेडकर पार्क की जमीन पर निर्माणाधीन चार मकानों को जिला प्रशासन और नगर पालिका की टीम ने ढहा दिया। हालांकि अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा।
नगर पालिका के वार्ड संख्या पांच पलिया में आंबेडकर पार्क के लिए लगभग चार बिस्वा भूमि आरक्षित की गई है। इस भूमि के बगल में कई ग्रामीणों को आवासीय पट्टा भी दिया गया है। इसी का फायदा उठाकर छह लोगों ने पार्क की जमीन पर जबरन मकान का निर्माण कर लिया। वार्ड के उदयराज और कृष्ण कुमार की शिकायत पर नगर पालिका ने अवैध निर्माण करने वालों को तीन बार नोटिस जारी कर कागजात मांगे लेकिन कोई सामने नहीं आया।
इस पर अवैध निर्माण को ढहाने का नोटिस नगर पालिका ने जारी किया। कार्रवाई में हो रही देरी पर शिकायतकर्ताओं ने डीएम और एसडीएम से फरियाद की। दो दिन पहले जिला प्रशासन ने नगर पालिका के ईओ को तत्काल अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया था। शनिवार को दोपहर बाद तहसीलदार सूरज प्रताप सिंह, ईओ सुनील कुमार टीम के साथ पलिया वार्ड पहुंचे।
अवैध निर्माण करने वाले अधिकारियों से बहस करने के साथ ही कार्रवाई रोकने पर अड़ गए। पुलिस के आने पर रामअंजोर, बब्बू, रामखेलावन और रामचंद्र के निर्माणाधीन मकान ढहा दिए गए, जबकि एक मकान की बुनियाद और उसके पिलर को ध्वस्त कराया गया। तहसीलदार सूरज प्रताप सिंह ने बताया कि पैमाइश के बाद अवैध निर्माण चिह्नित कर ढहा दिए गए। पार्क की जमीन पर एक और मकान बना है। किसी के न मिलने पर मकान में नोटिस चस्पा कर एक हफ्ते का वक्त दिया गया है। जवाब न मिलने पर उसे भी ढहा दिया जाएगा।
जब मकान बन रहा था, तब कहां थे अधिकारी
पलिया की संतोष कुमारी और उनके परिजन इस कार्रवाई से बेहद आहत दिखे। संतोष कुमारी तहसीलदार, ईओ और पुलिसकर्मियों पर बिफर पड़ीं। उन्होंने कहा कि जब मकान बन रहा था तो अधिकारी कहां थे। उसी समय रोक देते तो उनका नुकसान न होता। संतोष कुमारी कह रही थीं कि मेहनत मजदूरी कर किसी तरह एक-एक ईंट जोड़ी थी।