अमेठी। भाकियू के जिला प्रभारी प्रमोद मिश्र की शनिवार देर शाम गोली मारकर हुई हत्या के मामले में मुख्य रूप से भूमि विवाद ही उभर कर सामने आ रहा है। खुलासे के लिए दो जिलों की एसओजी समेत कुल पांच टीमें काम कर रही हैं। रविवार देर शाम एसपी ने किसान नेता के घर पहुंचकर परिवारीजनों से बातचीत कर हत्या की वजह जानने की कोशिश की।
भारतीय किसान यूनियन के जिला प्रभारी प्रमोद मिश्र की गोली मारकर हुई हत्या के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैली है। फिलहाल हत्या के पीछे अमेठी पुलिस लाइन के समीप स्थित एक बेशकीमती जमीन को लेकर चल रहा विवाद मजबूत मुद्दे के रूप में उभर कर सामने आया है। सूत्रों के अनुसार रायपुर फुलवारी निवासी राम बहादुर का वहां पुराना मकान था। उसी आधार पर करीब एक वर्ष पहले आवास आवंटन हुआ था।
आवास आवंटन होने के बाद परिवार के किशनलाल आदि ने डीएम के यहां आवंटन निरस्त करने का मुकदमा दायर कर दिया। डीएम की ओर से स्टे दे दिया गया जो बाद में प्रभावहीन हो गया। उसके बाद राम बहादुर ने पुराने मकान पर कुछ निर्माण कराया। बताते हैं कि विपक्षियों की ओर से करीब तीन बार निर्माण ढहा दिया गया। इस मामले में प्रमोद अपने संगठन से जुड़े राम बहादुर की मदद कर रहे थे।
हत्या के करीब चार से पांच दिन पूर्व राम बहादुर की ओर से दोबारा निर्माण कराया गया था। पुलिस इसी को आधार बनाकर जांच में जुटी है। एसपी डॉ. ख्याति गर्ग रविवार देर शाम मृतक के घर पहुंचीं और परिवारीजनों से हत्या को लेकर विस्तार से बातचीत कर जानकारी हासिल की। गांव में एहतियातन एक सेक्शन पीएसी के साथ लोकल पुलिस की तैनाती की गई है।
खुलासे के लिए अमेठी व सुलतानुपर जिले की एसओजी टीम के साथ ही कुल पांच टीमें कार्य कर रही हैं। अमेठी सीओ पीयूषकांत राय ने बताया कि कुछ अहम सुराग मिले हैं। जल्द ही घटना का खुलासा किया जाएगा। किसान नेता की हत्या के बाद सोमवार सुबह से ही सांत्वना देने वालों का तांता लगा रहा। भाजपा जिलाध्यक्ष दुर्गेश तिवारी व कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंघल समेत बड़ी संख्या में किसान यूनियन से जुड़े लोग किसान नेता के घर पहुंचकर परिवारीजनों को सांत्वना दी। व धर्मेंद्र शुक्ल ने भी पीड़ित परिवार से मुलाकात की।
सोमवार को किसान नेता के घर पहुंचे भाजपा जिलाध्यक्ष ने प्रमोद के पिता हनुमान प्रसाद मिश्र की केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी से बात कराई। स्मृति ने प्रमोद के पिता को सांत्वना देते हुए हर संभव मदद का आश्वासन दिया। कांग्रेस महासचिव प्रियंका वाड्रा ने भी प्रमोद के पिता से फोन पर बात कर हर संभव मदद का आश्वासन दिया। कहा कि किसी भी प्रकार की दिक्कत हो तो जिलाध्यक्ष प्रदीप सिंघल के माध्यम से उन्हें अवगत कराएं।