अमेठी। यूपी बोर्ड परीक्षा की तिथियां घोषित होने के बाद जहां विद्यार्थी और विभाग तैयारियों में जुटे हैं वहीं जिले के 45 कॉलेज ऐसे हैं जहां अभी प्रयोगात्मक परीक्षा नहीं हो सकी है। तय समय में प्रयोगात्मक परीक्षा न होने का कारण नामित परीक्षक का नहीं आना बताया जा रहा है। डीआईओएस ने माध्यमिक शिक्षा परिषद को पत्र भेज पूरे प्रकरण से अवगत कराया है।
जिले में माध्यमिक के 241 (30 राजकीय, 25 सहायता प्राप्त व 185 विद्यालय मान्यता प्राप्त) विद्यालय हैं। इन विद्यालयों में से 181 इंटर स्तर और 60 हाईस्कूल स्तर के हैं। इंटरमीडिएट स्तर के 181 विद्यालयों में भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान, जीव विज्ञान, भूगोल व व्यावसायिक शिक्षा विषय की प्रयोगात्मक परीक्षा होनी थी। इसके लिए माध्यमिक शिक्षा परिषद की ओर से पिछले दिनों तिथियों का निर्धारण करते हुए परीक्षक नामित किए गए थे। परिषद की ओर से प्रयोगात्मक परीक्षा संपन्न कराने के लिए तीन से 12 फरवरी की तिथि निर्धारित की गई थी। करीब तीन चौथाई विद्यालयों में निर्धारित तिथियों पर पहुंचे परीक्षक की मौजूदगी में प्रयोगात्मक परीक्षा संपन्न हुई। इस दौरान 45 विद्यालय ऐसे रहे जहां परीक्षक के नहीं आने के कारण परीक्षा नहीं कराई जा सकी। प्रभारी डीआईओएस आशुतोष मिश्र ने बताया कि जिन विद्यालयों में परीक्षक के अभाव में प्रयोगात्मक परीक्षा नहीं हुई उनकी सूची के साथ एक पत्र परिषद को भेजा गया है। परिषद से दूसरा परीक्षक नामित होने के बाद इन विद्यालयों में प्रयोगात्मक परीक्षा कराई जाएगी।