अमेठी सिटी। बिजली आपूर्ति व्यवस्था सुधरने का नाम नहीं ले रही है। बृहस्पतिवार को शहर से लेकर गांव तक दिनभर बिजली कटौती और ट्रिपिंग हुई, जिससे उपभोक्ताओं को परेशानियों का सामना करना पड़ा। अघोषित बिजली कटौती के अलावा तेज हवा व बारिश से आए फाॅल्ट से लोगों से बिजली संकट झेलना पड़ा।
ऊर्जा निगम की ओर से जिला मुख्यालय पर 24 घंटे, तहसील मुख्यालय पर 22 घंटे व ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का दावा किया जाता है। जबकि हकीकत इसके अलग है। जिला मुख्यालय पर आलम यह रहा कि बृहस्पतिवार को दिनभर बिजली कटौती और ट्रिपिंग होती रही, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी में परेशान होना पड़ा। कटौती से सरकारी और निजी कार्यालयों में कामकाज प्रभावित रहा। वहीं कारखानों में सबसे अधिक दिक्कत आई। कई कारखानों और कार्यालयों में बार-बार हो रही कटौती के कारण जनरेटर चलाकर कार्य करना पड़ा।
अमेठी विद्युत उपकेंद्र का फीडर नंबर एक सुबह नौ बजे ब्रेकडाउन हो गया। दुर्गापुर मार्ग स्थित बाईपास के समीप पेड़ गिरने से विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। करीब दो घंटे बाद आपूर्ति बहाल हो सकी। उपभोक्ता वाट्सएप ग्रुप व फोन कर बिजली आने की जानकारी लेते रहे। वहीं, पीठीपुर विद्युत उपकेंद्र की आपूर्ति सुबह पांच बजे बंद हो गई। तकनीकी खामी दूर करके सुबह नौ बजे आपूर्ति बहाल की गई।
रोस्टर के अनुसार आपूर्ति देने का प्रयास
ऊर्जा निगम के अधीक्षण अभियंता धर्म विजय ने बताया कि रोस्टर के अनुसार आपूर्ति देने का प्रयास किया जा रहा है। लोकल फाॅल्ट ठीक करने के लिए आपूर्ति बंद की जाती है। लाइन की मरम्मत कराई जा रही है, जिससे उपभोक्ताओं को समस्या न हो।