अमेठी सिटी। मौसम में होरहे बदलाव के कारण लोग वायरल फीवर की चपेट में आ रहे हैं। अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में सर्दी, खांसी और जुकाम के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। ठंड से बच्चे और बुजुर्ग प्रभावित हो रहे हैं। खास कर कोल्ड डायरिया की चपेट में आने से बच्चे बीमार हो रहे हैं। जिले में ठंड बढ़ते ही बीमारियों का प्रकोप बढ़ गया है। अस्पताल में बुखार, गले की खराश से परेशान मरीज उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। बृहस्पतिवार को अवकाश के बावजूद जिला अस्पताल में 192 मरीजों का पंजीकरण किया गया। इसमें बुखार के 62, ठंड में 32, खांसी के 36, जुकाम के 40 व पेट दर्द के 24 समेत अन्य बीमारी से ग्रसित मरीज रहे। यही हाल गौरीगंज सीएचसी समेत 13 सीएचसी व 30 पीएचसी का भी है। अस्पतालों में अधिकांश जुकाम, बुखार व खांसी के मरीज आ रहे हैं। डॉक्टर भी उपचार करने के साथ दवा देते हुए बचाव विधि बता रहे हैं।
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तापमान में उतार-चढ़ाव से बढ़ रही बीमारी
फिजिशयन डॉ शुभम पांडेय ने बताया कि तापमान में हो रहे उतार-चढ़ाव से बीमारी बढ़ रही है। दिन में धूप व रात में गलन युक्त ठंड लोगों को अपनी चपेट में ले रही है जिससे खांसी, जुकाम और बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। अस्पताल में खांसी, जुकाम और बुखार के मरीजों में इजाफा हुआ है।
कपड़े पहनने में लापरवाही न बरतें
सीएमएस डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि इन दिनों ज्यादातर मरीज सर्दी, जुकाम, खांसी के आ रहे हैं। उन्हें दवाइयां देकर सर्दी से बचने के उपाय बताए जा रहे हैं। उनका कहना है कि इस मौसम में लोगों को खानपान के साथ कपड़े पहनने में लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए। लापरवाही सेहत पर भारी पड़ सकती है।