अमेठी। केंद्र सरकार की ओर से संसद में पास कराए गए तीन कृषि विधेयकों को लेकर किसानों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार को समाजवादी व आम आदमी पार्टी समेत कई किसान संगठनों ने जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन कर ज्ञापन दिया। किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए शहर के सभी चौराहों व तिराहों पर बड़ी संख्या में पुलिस बल लगाया गया था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व उनके कई मंत्रियों की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दी गई सफाई के बावजूद पिछले दिनों पास कराए गए तीन कृषि विधेयकों को लेकर रार बढ़ती जा रही है। इसको लेकर शुरू हुए देशव्यापी आंदोलन का असर शुक्रवार को अमेठी में भी दिखाई पड़ा।
शुक्रवार को कई संगठनों की ओर से इन विधेयकों का विरोध किया जाना था। धरना प्रदर्शन को देखते हुए जिला व पुलिस प्रशासन पहले से सतर्क था। शहर के सभी चौराहों तिराहों पर पुलिस कर्मी व पीएसी के अलावा कई थानाध्यक्षों की ड्यूटी भी लगाई गई थी।
दोपहर बाद सबसे पहले समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष छोटेलाल यादव, महासचिव रसूलबख्श राईन व गौरीगंज ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि उमेश सिंह के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे और राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया।
इसके बाद आम आदमी पार्टी के जिला संयोजक शिव प्रसाद कश्यप व भारतीय किसान यूनियन (भानु) के जिलाध्यक्ष शिव कुमार पांडेय व उपाध्यक्ष दुर्गा शंकर मिश्र के नेतृत्व में कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट पहुंचे और विधेयकों के विरोध में ज्ञापन देकर मोदी सरकार की ओर से लाए गए विधेयकों को काला कानून बताया। कहा इन विधेयकों के लागू होने के बाद किसान अपने ही खेत में मजदूर बनकर रह जाएगा। इस प्रदर्शन में आवेश हनफी समेत कई कार्यकर्ता शामिल रहे।