जगदीशपुर (अमेठी)। महीनों से रुका पड़ा ओवरब्रिज निर्माण कार्य बुधवार को शुरू हो गया। रेलवे विभाग से दो घंटे का ब्लॉक लेकर ट्रैक पर ओवरब्रिज का निर्माण कार्य शुरू करा दिया। अमर उजाला के 13 मई के संस्करण में खबर प्रकाशित होने के बाद कार्य शुरू होने से स्थानीय लोगों ने खुशी जताई है।
रायबरेली-अयोध्या हाईवे के बाईपास और ओवरब्रिज निर्माण कार्य में विभागीय लापरवाही लंबे समय से जानलेवा बनी हुई थी। शोहरत रेलवे क्रॉसिंग पर डेढ़ माह पहले हुए मालगाड़ी हादसे के बावजूद कार्य की गति बेहद धीमी थी, जिससे आए दिन जाम और दुर्घटनाएं हो रही थीं। अमर उजाला ने 13 मई के अंक में धीमी गति से चल रहा ओवरब्रिज का निर्माण शीर्षक से खबर प्रकाशित की तो प्रशासन हरकत में आया।
एनएचएआई की ओर 370 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा यह बाईपास मंगौली से सिधियांवा गांव तक और श्रीरामगंज से रायबरेली तक की दूरी को जोड़ेगा। यह फोरलेन हाईवे जगदीशपुर से अयोध्या धाम को लखनऊ-वाराणसी और रायबरेली मार्ग से जोड़ेगा। ओवरब्रिज बनने से घंटों का जाम, दुर्घटनाएं और रेलवे फाटक पर इंतजार खत्म होगा।
बुधवार को दोपहर 11:50 से 13:50 तक रेलवे ने ब्लॉक लेकर ट्रैक के ऊपर निर्माण कार्य शुरू कराया। निहालगढ़ स्टेशन अधीक्षक लखनलाल मीना ने बताया कि प्रतिदिन कुछ घंटों का ब्लॉक लेकर कार्य जारी रहेगा और करीब आठ दिनों में ओवरब्रिज का ट्रैक सेक्शन पूरा हो सकता है।
ग्रामीणों में खुशी
बूबूपुर, मंगौली, थोरी गांव के लोगों ने ओवरब्रिज का निर्माण शुरू होने के बाद खुशी मनाई। ग्रामीण अशोक तिवारी, संतोष पांडेय, राजेश्वर प्रताप सिंह और चिरंजीव पांडेय सहित कई ग्रामीणों ने अमर उजाला को धन्यवाद देते हुए कहा कि यदि यह बाईपास समय से बन गया होता, तो मालगाड़ी हादसे जैसी घटना से बचा जा सकता था। ओवरब्रिज चालू होने से ट्रैक पर फंसी बस जैसे हादसे भी रोके जा सकते थे।
तीन माह में पूरा होगा शेष कार्य
एनएचएआई के अवर अभियंता विकल्प सिंह ने बताया कि बाईपास और टू लेन सड़क का 90 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। शेष निर्माण तीन माह के भीतर पूर्ण कर लिया जाएगा।