अमेठी सिटी। मौसम का मिजाज बदलते ही मरीजों की संख्या में अचानक इजाफा हो गया है। दोपहर में चटख धूप और सुबह-शाम की ठंड लोगों को बीमार बना रही है। असैदापुर स्थित जिला अस्पताल की ओपीडी में सर्दी-जुखाम और बुखार के मरीजों की संख्या डेढ़ गुना तक बढ़ गई है। वहीं, रक्तचाप, हृदय, सांस के रोगियों की संख्या भी बढ़ती जा रही है।
बदलते मौसम में तापमान लगातार बदल रहा है। सोमवार को अधिकतम 24 डिग्री तो न्यूनतम 10 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। धूप इतनी तेज थी कि लोगों का उसमें लगातार बैठना मुश्किल था। दिन की गर्मी देखकर लोग रात की सर्दी के प्रति लापरवाह रहते हैं। यही लापरवाही बीमारी का कारण बन रही है। तीन दिन में मौसम बदलने के साथ सीएचसी, पीएचसी और जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ी है। सबसे ज्यादा सर्दी, जुकाम, बुखार के मरीज पहुंच रहे हैं। इसके अलावा बदन दर्द, जोड़ों का दर्द और सांस रोग से संबंधित मरीज भी आ रहे हैं। जिला अस्पताल में सोमवार को 589 मरीज ओपीडी में पहुंचे। इसमें से अधिकांश मौसम जनित बीमारियों के ही थे।
ठंड से बचाव की जरूरत
जनरल फिजीशिनयन डॉ. अमित यादव का कहना है कि बदलते मौसम में सर्दी, खांसी, जुकाम, बदन दर्द आदि के मरीजों की संख्या में इजाफा होता है। ऐसे में लोगों को ठंड से बचाव की जरूरत है। सीने में जरा सा भी दर्द हो तो तत्काल चिकित्सक से सलाह लेकर उपचार लें। सुबह-शाम गर्म कपड़े पहनकर ही बाहर निकलें। इन उपायों से सर्दी के साथ ही अन्य बीमारियों से भी बचा जा सकता है।
मौसम में बदलाव से बढ़े मरीज
मौसम में परिवर्तन से बुखार और खांसी के मरीज ज्यादा आ रहे हैं। अस्पताल में दवा का स्टॉक है। मरीजों की आवश्यक जांच के बाद दवा निशुल्क दी जा रही है।
डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल, सीएमएस