अमेठी। बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व बुधवार को धूमधाम से मनाया गया। शहर के रामलीला मैदान में भगवान श्रीराम के तीर चले तो रावण का पुतला धू-धू कर जल उठा। रावण के जलते ही मैदान जय श्रीराम के नारों के साथ गूंज उठा। हालांकि बारिश के कारण मैदान में लगे मेले की रौनक फीकी कर दी। व्यवसायियों को भी खासा नुकसान हुआ।
विजया दशमी (दशहरा) का पर्व बुधवार को परंपरागत तरीके से मनाया गया। बारिश के चलते दोपहर तक दशहरा पर्व की रौनक फीकी रही। दोपहर बाद जैसे-जैसे लोगों की आमद शुरू हुई रामलीला मैदान के अलावा जीजीआईसी रोड, शिव प्रताप रोड समेत अन्य मार्गों पर भीड़ उमड़ी। इसी बीच अचानक मौसम बदला और तेज बारिश शुरू हो गई। जिसके चलते रामलीला मैदान में पानी भर गया। बारिश से बचने के लिए मेले की मौजूद लोग खुद को पानी से बचाते नजर आए।
पानी बंद होने के बाद फिर अचानक भीड़ बढ़ी। रामलीला मैदान में जहां सूखा था वहीं कुछ दुकानें लग पाईं। ज्यादातर दुकानें जीजीआईसी रोड, शिव प्रताप रोड, अंतू रोड, दुर्गापुर रोड, कोतवाली रोड व हनुमानगढ़ी रोड पर लगाई गईं। रामलीला मैदान में चल रहा रामलीला मंचन का कार्यक्रम बारिश के चलते बंद करना पड़ा। सभी कलाकार भीग गए थे। बारिश बंद होने के बाद कलाकारों ने दूसरा ड्रेस बदला। फिर से कार्यक्रम शुरू किया।
इसके बाद शहर के हनुमानगढ़ी मंदिर परिसर से राम दरबार की झांकी निकली। शहर भ्रमण करते हुए रामलीला मैदान पहुंची। जहां राम व रावण के बीच युद्ध हुआ। करीब छह बजे राम के तीर चले और रामलीला मैदान में स्थित बुराई का प्रतीक रावण धू-धूकर जल उठा। रावण के जलते ही रामलीला मैदान जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। इसके पहले शहर भ्रमण के दौरान जगह-जगह भक्तों ने राम दरबार की आरती उतारी।
इस मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश अग्रहरि, रामलीला कमेटी के पवन अग्रवाल, राजेश अग्रवाल, जयप्रकाश लोहिया, उद्योग व्यापार मंडल अध्यक्ष हरिशंकर जायसवाल, सुशील जायसवाल, एसडीएम प्रीति तिवारी, सीओ लल्लन सिंह, फूलचंद कसौधन व प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार द्विवेदी आदि मौजूद रहे।
मैदान में पानी भरने से परेशानी
रामलीला समिति की ओर से मैदान को बराबर कराया गया था। बावजूद इसके मंगलवार देर शाम हुई झमाझम बारिश के बाद मैदान में पानी भर गया। हर तरफ कीचड़ हो गया। बुधवार को किसी तरह दुकानदारों ने अपनी दुकानें सूखे स्थानों पर लगाईं लेकिन दोपहर बाद हुई बारिश ने दुकानदारों व मेला घूमने आए लोगों की परेशानियां बढ़ा दीं। मेले में आए लोगों को कीचड़ के बीच होकर गुजरना पड़ा।
रथ के लिए बनाना पड़ा रास्ता
बारिश के चलते रामलीला मैदान में जगह-जगह कीचड़ हो गया। रामलीला आयोजन समिति की ओर से राम रथ को रामलीला मैदान में ले जाने के लिए रास्ता बनाने के लिए प्लाई की व्यवस्था करनी पड़ी। लकड़ी की प्लाई की मदद से रामलीला मैदान में मंच तक रथ ले जाने के लिए रास्ता बनाया गया। वहीं छाते के अंदर जैसे-तैसे राम, सीता व अन्य को मंच तक पहुंचाया गया।
अन्नपूर्णा व अंबे ग्रुप ने निकाली झांकी
अन्नपूर्णा ग्रुप की भव्य झांकी दशहरा पर्व पर निकाली गई। झांकी पर बाहर से आए कलाकारों ने भक्ति गीतों पर नृत्य कर लोगों का मन मोहा। वहीं अंबे ग्रुप की ओर से दुर्गा पूजा विसर्जन को लेकर झांकी निकाली गई। झांकियां शहर के विभिन्न मार्गों पर भ्रमण करती रहीं।
सामान बचाने की जुगत में लगे रहे दुकानदार
दशहरा पर्व पर दिनभर रुक-रुक कर बारिश होती रही। मेले में आए दुकानदार सामान लगा चुके थे तभी बारिश शुरू हो गई। बारिश होने के चलते दुकानदार अपने सामानों को बचाने के लिए पन्नी एवं तिरपाल लगाकर सामानों को बचाने की जुगत में लगे रहे। लेकिन बारिश के चलते जहां दुकानदारों को भारी नुकसान उठाना पड़ा वहीं भीड़ न जुटने से बिक्री में भी कमी आई।
14 : अमेठी : बरसात के बाद रामलीला मैदान में हुए कीचड़ के बीच खरीददारी करते लोग। -संवाद- फोटो : AMETHI
15 : अमेठी : बारिश के दौरान सजी दुकान को पॉलीथिन से ढककर बचाने का प्रयास करता दुकानदार। -संवाद- फोटो : AMETHI