गौरीगंज (अमेठी)। जिले की 14 सहकारी समितियों के संचालक पद के लिए शनिवार को मतदान हुआ। चार बजे तक चले मतदान के बाद सभी स्थानों पर मतगणना का काम शुरू हुआ जो खबर लिखे जाने तक चल रहा था।
जिले में 114 समितियों में संचालक के 1,026 पद हैं। छह मार्च से चल रही निर्वाचन प्रक्रिया के तहत 108 समितियों में 984 संचालक निर्विरोध निर्वाचित हो चुके हैं तो 10 में आरक्षण के हिसाब से पर्चे ही नहीं दाखिल हुए। सिर्फ 14 सीटें ऐसी रहीं जहां एक से अधिक उम्मीदवार होने पर शनिवार को चार विकास खंडों की छह समितियों पर सुबह 10 से शाम चार बजे तक मतदान हुआ। चुनाव को निष्पक्ष संपन्न कराया जा सके इसके लिए भारी पुलिस बल की मौजूदगी रही। सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता हरेन्द्र सिंह ने बताया कि देर शाम तक सभी केंद्रों पर मतों की गिनती का काम चल रहा है।
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चुनाव जैसा दिखा माहौल
शनिवार को बहादुरपुर विकास खंड की समितियों ओदारी, सराय महेशा, निगोहा व ब्रह्मनी में संचालक के लिए मतदान हुआ। ब्रह्मनी में सत्यवती अपने नाती की बांहों के सहारे केंद्र पर पहुंचीं और मतदान किया। मोहैया केसरिया समित के सदस्य पद के उम्मीदवार व मतदाताओं ने मतदान कर्मियों की कार्यशैली पर सवाल उठाए। संजय सिंह ने बताया कि बूथ पर दो उम्मीदवारों के मतदाताओं को कर्मचारियों ने छह निशान वाले बैलेट पेपर दे दिए। ऐसे में मतदाताओं को अपने उम्मीदवार का चुनाव निशान ढूंढने में परेशानी का सामना करना पड़ा। ज्यादा निशान वाले बैलेट पेपर के मिलने के चलते अवैध मतों की संख्या में बढ़ोतरी जो सकती है। संवाद