अमेठी सिटी। राजनीति के केंद्र बिंदु में रहने वाला अमेठी जिला अब उद्योग स्थापना के क्षेत्र में नित नए आयाम हासिल कर रहा है। यहां दो साल में 2300 करोड़ का निवेश कराकर 154 इंडस्ट्रीज का परिचालन शुरू करा दिया गया है, जहां प्रत्यक्ष रूप से स्थानीय 10 हजार लोगों को रोजगार दिया गया है।
दिसंबर 2025 की सीएम डैशबोर्ड की रैंकिंग में अमेठी प्रदेश में पांचवीं रैंक में पहुंच गया है। सब कुछ ठीक रहा तो इस साल छोटी-बड़ी करीब 100 इंडस्ट्रीज का संचालन शुरू हो जाएगा, जिससे जिले की आर्थिक दशा और बेहतर होगी। विभागीय अफसरों का कहना है कि फरवरी में लखनऊ में ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 5.0 होनी है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने की संभावना है।
लखनऊ में फरवरी 2023 में इन्वेस्टर्स समिट के बाद जिले में उद्योग धंधों को बढ़ावा मिलना शुरू हुआ। फरवरी 2024 में ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 4.0 के लिए जिले को 6000 करोड़ रुपये के निवेश का लक्ष्य दिया गया। 259 इंडस्ट्री लगाने के लिए निवेश प्रस्ताव मिले। निवेश का लक्ष्य हासिल करने संग 173 प्रस्ताव जीबीसी के लिए तैयार किए गए। इनमें से 110 का परिचालन शुरू हो चुका है, जिनमें 1616 करोड़ का निवेश किया गया है।
इसी बीच अक्तूबर 2025 में अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त दीपक कुमार ने जीबीसी 5.0 के लिए जिले को 3500 कराेड़ रुपये निवेश का लक्ष्य दिया। अब तक की प्रगति देखी जाए तो 44 इंडस्ट्रीज का परिचालन कर दिया गया है, जिनमें 684 करोड़ रुपये निवेश किए गए हैं। अक्तूबर 2025 से अब तक 2500 करोड़ के 101 प्रस्ताव मिल चुके हैं। जिला उद्योग केंद्र की ओर से शेष 1000 करोड़ के निवेश के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
निवेशकों ने पोल्ट्री, कैटल और फिश फीड उत्पादन पर सबसे ज्यादा फोकस किया है। जगदीशपुर और उतेलवा क्षेत्र में इनकी इंडस्ट्रीज ज्यादा लगी हैं, जिनमें लगभग 1500 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है।