अमेठी सिटी। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के साथ-साथ शिक्षा को रोचक बनाकर सरकार बच्चों के सीखने की क्षमता को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। सीएम के निर्देश पर परिषदीय विद्यालयों के बच्चों में खेलों के माध्यम से सीखने की कला विकसित की जाएगी। इसके लिए अब परिषदीय प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों के परिसर में संचालित को-लोकेटेड आंगनबाड़ी केंद्रों को बाला फीचर्स से लैस किया जाएगा। पहले चरण में 13 स्कूलों का चयन करते हुए धनराशि भी आवंटित की गई है।
नई शिक्षा नीति के तहत छह तक के छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के साथ-साथ शिक्षा को रोचक बनाकर बच्चों की सीखने की क्षमता को बेहतर बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। परिषदीय विद्यालयों में खेलों के माध्यम से लर्निंग को बढ़ावा दिया जा रहा है।
इसी क्रम में अब परिषदीय प्राथमिक व कंपोजिट विद्यालयों के परिसर में स्थित को-लोकेटेड आंगनबाड़ी केंद्रों को बाला फीचर्स से लैस किया जाएगा। इसके लिए पीएम श्री योजना में चयनित स्कूल में प्रति केंद्र 30 हजार रुपये तो सामान्य स्कूलों में प्रति केंद्र 25 हजार रुपये की राशि प्रदान की गई है।
जिले के सभी विकासखंडों में 1949 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इनमें 01,52,320 बच्चे पंजीकृत हैं। इनमें 1525 को-लोकेटेड आंगनबाड़ी केंद्र हैं जो परिषदीय विद्यालयों में चलते हैं। पहले चरण में पीएमश्री योजना में शामिल आठ तो अन्य पांच स्कूलों को चिह्नित किया गया है।
इन स्कूलों का हुआ चयन
योजना में तिलोई ब्लॉक के पीएमश्री योजना के परिषदीय स्कूल राजामऊ, शुकुल बाजार के अब्दुल बाहरपुर, सिंहपुर के पन्हौना, भेटुआ के घटकौर, बहादुरपुर के मवैया महमूदपुर, जामो के दखिनवारा, अमेठी के रामगढ़ व मुसाफिरखाना के उत्तर पाटी का चयन किया गया है। इसी तरह जगदीशपुर के बढ़ौली, मुसाफिरखाना द्वितीय, गौरीगंज के सुजानपुर, संग्रामपुर के खौपुर व शाहगढ़ के रामगंज स्कूल का चयन हुआ है।
खाते में भेजी गई धनराशि
विद्यालय प्रबंध समिति के खाते में निर्धारित धनराशि भेज दी गई है। बीएसए की तरफ से सभी खंड शिक्षाधिकारियों को संबंधित विद्यालयों में बाला फीचर्स के कार्य कराए जाने का निर्देश दिया गया है।
-अभिनव पांडेय, जिला समन्वयक प्रशिक्षण