वन विभाग कार्यालय में काम करते कर्मचारी।
अंबेडकरनगर। जिले में चले वृहद पौधरोपण अभियान को चले हुए दो माह से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन अब तक दो लाख से अधिक पौधों की स्थिति की जानकारी वन विभाग को नहीं हो सकी है। कारण यह कि ग्राम विकास विभाग द्वारा संबंधित पौधों की जियो टैगिंग नहीं की जा सकी है। इस बीच वन विभाग कार्यालय ने संबंधित विभाग को जल्द से जल्द जियो टैगिंग कर हरितिमा एप पर लोकेशन अपलोड करने के लिए पत्र भेजा है।
पर्यावरण को प्रदूषित होने से बचाने के लिए प्रत्येक वर्ष बड़े पैमाने पर पौधरोपण अभियान चलता है। इस बार भी गत 20 जुलाई को जिले में पौधरोपण का वृहद अभियान चला था। इसमें जिले के 19 विभागों द्वारा 35,74,759 पौधे अलग-अलग क्षेत्रों में रोपे गए थे।
साथ ही संबंधित विभागों को निर्देशित किया गया था कि रोपे गए पौधों की जियो टैगिंग कर उसे हरितिमा एप पर अपलोड करें, जिससे पौधों की लोकेशन की जानकारी हो सके। अभियान चले हुए दो माह से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन ग्राम विकास विभाग द्वारा अब तक दो लाख से अधिक पौधों की न तो जियो टैगिंग की गई और न ही इस संबंध में हरितिमा एप पर ही किसी प्रकार की जानकारी अपलोड की गई। नतीजा यह है कि संबंधित पौधों की लोकेशन की जानकारी नहीं हो सकी है।
वन विभाग कार्यालय के अनुसार ग्राम विकास विभाग को 13,40,471 पौधे लगाए जाने का लक्ष्य दिया गया था। इसमें से 10,52,702 की जियो टैगिंग की गई है। शेष की अब तक नहीं हो सकी है। डीएफओ डॉ. उमेश तिवारी ने संबंधित ग्राम पंचायत के जिम्मेदारों को जल्द से जल्द संबंधित पौधों की जियो टैगिंग कर उसे हरितिमा एप पर अपलोड करने के लिए पत्र लिखा है।