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36 घंटे से 2 लाख आबादी बिजली से वंचित

Sun, 28 May 2017 11:19 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/अंबेडकरनगर
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ब‌िजली - फोटो : symbolic
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शुक्रवार देर रात आई आंधी के चलते 36 घंटे बाद तक जिले की लगभग दो लाख की आबादी विद्युत आपूर्ति से वंचित है। इससे कृषि के साथ ही घरेलू व व्यवसायिक कार्यों पर भी व्यापक असर पड़ा है। उपभोक्ताओं ने पावर कॉरपोरेशन कर्मचारियों की मनमानी पर नाराजगी का जताई है। 
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गौरतलब है कि आंधी व बारिश के चलते न सिर्फ अकबरपुर नगर बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में विद्युत खंभे क्षतिग्रस्त हो गए थे। इसके अलावा पेड़ों के धराशायी होने से जगह-जगह तार भी टूट गए थे। इससे लगभग समूचे जनपद की विद्युत आपूर्ति ठप हो गई थी।

अकबरपुर नगर की आपूर्ति शनिवार दोपहर तक बहाल कर दी गई लेकिन ज्यादातर ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी गड़बड़ी के चलते रविवार देर शाम तक आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। महरुआ प्रतिनिधि के अनुसार महरुआ फीडर से जुड़े गंगापुर, बेला, बरई का पूरा, पतौना, सेहरा जलालपुर, अभयचंदपुर, गोविंदापुर, घनेपुर, बरामदपुर जरियारी, हीड़ी पकडिय़ा, कुर्चा, सेमरी, मंशापुर, मीरपुर, पखनपुर, पतीवा व सारंगपुर समेत 28 से अधिक गांवों की विद्युत आपूर्ति पूरी तरफ ठप हो गई।
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नतीजतन इससे लगभग 40 हजार आबादी प्रभावित हुई। उपभोक्ता राजितराम, राधेश्याम, महेंद्र कुमार, धनंजय, जगन्नाथ ने पावर कॉरपोरेशन अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि आपूर्ति बहाल न होने से विभिन्न प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

आलापुर प्रतिनिधि के अनुसार रामनगर, जहांगीरगंज व राजेसुल्तानपुर समेत कई अन्य क्षेत्रों में भी रविवार देर शाम तक आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। मालीपुर व धवरुआ क्षेत्र में भी जगह-जगह तार टूटने व खंभे क्षतिग्रस्त होने से आपूर्ति बाधित रही। कुछ ऐसा ही हाल भीटी, जलालपुर व टांडा तहसील क्षेत्रों में भी रहा। इससे लगभग दो लाख आबादी को रविवार देर शाम बिजली नहीं मिल सकी।
 
विद्युत आपूर्ति बहाल न होने से संबंधित क्षेत्रों में एक तरफ जहां कृषि संबंधित कार्यों में बाधा उत्पन्न हुई, वहीं घरेलू व व्यावसायिक कार्य भी प्रभावित हुए। टांडा, जलालपुर व जहांगीरगंज क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल न होने से न पावरलूमों की खटरपटर बंद रही बल्कि आटा चक्की समेत वेल्डिंग के कार्य भी नहीं हो सके।

उपभोक्ताओं ने पावर कॉरपोरेशन अधिकारियों व कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि क्षतिग्रस्त खंभों के स्थान पर दूसरा खंभा लगाए जाने को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। इसका खामियाजा संबंधित क्षेत्र के उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ रहा है।

पावर कॉर्पोरेशन के अधिशाषी अभियंता मुकेश बाबू ने बताया कि क्षतिग्रस्त खंभों के स्थान पर नए खंभे लगाए जाने व टूटे तारों को ठीक कराने का कार्य चल रहा है। ज्यादातर क्षेत्रों में गड़बड़ी दूर कर आपूर्ति बहाल कर दी गई है। शीघ्र ही अन्य क्षेत्रों में भी गड़बड़ी दूर कर दी जाएगी।
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